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नहीं थम रहा धरती का कंपन! प्रशांत महासागर में फिर आया भूकंप

SHIDDHANT
23 Aug 2026 8:21 PM IST
नहीं थम रहा धरती का कंपन! प्रशांत महासागर में फिर आया भूकंप
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भूकंप अलर्ट
TOKYO टोक्यो। उत्तर प्रशांत महासागर (नॉर्थ पैसिफिक ओशन) में रविवार शाम 6.1 तीव्रता का भूकंप आया, जिसके झटके जापान के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में व्यापक रूप से महसूस किए गए। भूकंप भारतीय समयानुसार शाम 7:14 बजे आया। इसका केंद्र 41.826 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 142.865 डिग्री पूर्वी देशांतर पर, समुद्र के भीतर 50 किलोमीटर की गहराई में दर्ज किया गया। प्रारंभिक भूकंपीय आंकड़ों के अनुसार, भूकंप का केंद्र जापान के समीप उत्तर प्रशांत महासागर में था। फिलहाल किसी बड़े जान-माल के नुकसान या सुनामी की चेतावनी जारी नहीं की गई है। जापानी मौसम विज्ञान एजेंसी (जेएमए) और स्थानीय प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं तथा प्रभावित क्षेत्रों से जानकारी जुटाई जा रही है।
यह भूकंप ऐसे समय आया है जब जापान रविवार तड़के आए एक अन्य शक्तिशाली भूकंप के प्रभाव से अभी पूरी तरह उबर भी नहीं पाया है। रविवार सुबह इबाराकी प्रांत में 5.9 तीव्रता का भूकंप आया था, जिसमें कम से कम 37 लोग घायल हो गए थे। स्थानीय मीडिया के अनुसार, घायलों में टोक्यो, इबाराकी, कानागावा और आसपास के अन्य क्षेत्रों के लोग शामिल हैं। इबाराकी में आए भूकंप के कारण कई इलाकों में पानी की पाइपलाइन फट गईं, जिससे कुछ सड़कों पर अस्थायी जलभराव हो गया। कांतो क्षेत्र में कई ट्रेन सेवाएं भी कुछ समय के लिए बाधित रहीं, हालांकि बाद में धीरे-धीरे परिचालन बहाल कर दिया गया।
जापान मौसम विज्ञान एजेंसी के मुताबिक, रविवार तड़के आए भूकंप की गहराई लगभग 70 किलोमीटर थी और इबाराकी, साइटामा, चिबा तथा टोक्यो के अदाची वार्ड में जापान के सात स्तर वाले भूकंपीय तीव्रता पैमाने पर लोअर-5 दर्ज किया गया। इस स्तर के भूकंप में अधिकांश लोग घबरा जाते हैं, सहारा लेने की कोशिश करते हैं और अलमारियों या शेल्फ पर रखा सामान नीचे गिर सकता है। टोक्यो और आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले कई लोगों ने सोशल मीडिया पर लिखा कि हाल के वर्षों में उन्होंने इतने तेज झटके पहली बार महसूस किए। भूकंप के झटके
उत्तर
-पूर्वी और मध्य जापान के बड़े हिस्से में महसूस किए गए।
जेएमए ने लोगों से अगले एक सप्ताह तक सतर्क रहने की अपील की है। एजेंसी का कहना है कि विशेष रूप से अगले दो से तीन दिनों के दौरान समान तीव्रता के झटके आने की संभावना बनी हुई है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि इबाराकी स्थित टोकाई नंबर-2 परमाणु ऊर्जा संयंत्र तथा पूर्वोत्तर जापान के फुकुशिमा दाइची और फुकुशिमा दाइनी परमाणु संयंत्रों में किसी प्रकार की असामान्यता दर्ज नहीं की गई है। सभी संयंत्र सामान्य रूप से कार्य कर रहे हैं और विकिरण या अन्य किसी आपात स्थिति की कोई सूचना नहीं है।
बता दें कि जापान दुनिया के सबसे अधिक भूकंप प्रभावित देशों में शामिल है। देश प्रशांत महासागर के 'रिंग ऑफ फायर' क्षेत्र में स्थित है, जहां कई टेक्टोनिक प्लेटों के सक्रिय होने के कारण अक्सर भूकंप आते रहते हैं। इसी वजह से जापान में भूकंप और सुनामी से निपटने के लिए अत्याधुनिक चेतावनी प्रणाली और आपदा प्रबंधन व्यवस्था विकसित की गई है।
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