उत्तराखंड। आईआईटी रुड़की के क्वारन्टीन सेंटर में एमटेक सेकंड ईयर के छात्र की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से हड़कंप मच गया है. छात्र क्वारन्टीन सेंटर में बेहोशी की हालत में मिला, जिसके बाद कॉलेज प्रशासन ने आनन-फानन में आईआईटी अस्पताल में एडमिट करवाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे सिविल अस्पताल रुड़की रेफर कर दिया. यहां पर डॉक्टरों ने छात्र को मृत घोषित कर दिया. बताया जा रहा है कि कोरोना पॉजिटिव छात्र के संपर्क में आने से छात्र प्रेम सिंह को 11 अप्रैल को क्वारन्टीन किया गया था. वहीं सूचना मिलते ही आज छात्र के परिजन चंडीगढ़ से रुड़की पहुंचे, जहां उन्होंने छात्र का पोस्टमार्टम करवाने से इनकार कर दिया है और इस बारे में परजिनों ने डीएम को पत्र भी प्रेषित किया है. बता दें कि लगातार बढ़ रहे कोरोना संक्रमण से अब जनता और स्टूडेंट भी दहशत में हैं.
आईआईटी रुड़की में अब तक 120 से अधिक स्टूडेंट और फैकल्टी कोरोना संक्रमण की चपेट में आ चुके हैं. आईआईटी में लगातर सेम्पलिंग की जांच भी चल रही है. सिविल लाइन कोतवाल राजेश साह का कहना है कि मृतक छात्र को क्वारन्टीन किया गया था और 12 अप्रैल की छात्र की आरटीपीसीआर रिपोर्ट भी निगेटिव आई थी फिहलाहल अभी पूरे मामले की जांच पड़ताल की जा रही है. उंसके बाद आगे कार्रवाई की जाएगी. वहीं आईआईटी परिसर में लगातार स्टूडेंट्स में फैल रहे कोरोना संक्रमण से कॉलेज प्रशासन भी चिंतित है और सभी स्टूडेंट्स को सावधनी बरतने के निर्देश दिये हैं. साथ ही कॉलेज प्रशासन पूरी सतर्कता के साथ काम रहा है.
वहीं गुरुवार को हरिद्वार महाकुंभ में 100 तीर्थयात्रियों और 20 संतों में कोरोना वायरस के संक्रमण की पुष्टि हुई है. इन आंकड़ों के सामने आने के बाद से शासन-प्रशासन की चिंता और बढ़ गई है.12 और 13 अप्रैल को लाखों की संख्या में श्रद्धालु शाही स्नान करने के लिए हरिद्वार कुंभ पहुंचे थे. ऐसे में यहां कोरोना स्प्रेड होने की बड़ी आशंका बनी हुई है. बीती रविवार रात तक कुंभ पहुंचे 102 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हो चुकी थी, अब नए आंकड़े सामने आ रहे हैं.