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शिवकुमार बोले- कर्नाटक में अब वंदे मातरम के सिर्फ दो छंद गाए जाएंगे

jantaserishta.com
26 Aug 2026 3:13 PM IST
शिवकुमार बोले- कर्नाटक में अब वंदे मातरम के सिर्फ दो छंद गाए जाएंगे
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बेंगलुरु: कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने बुधवार को वंदे मातरम को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि राज्य में भविष्य में सरकारी कार्यक्रमों के दौरान राष्ट्रगीत के सिर्फ शुरुआती दो छंद ही गाए जाएंगे। शिवकुमार ने स्पष्ट किया कि वह कांग्रेस की विचारधारा और पार्टी के फैसले के साथ हैं।
स्वतंत्रता दिवस पर पूरा गीत गाए जाने को लेकर दिया बयान
बेंगलुरु में इंडिया टुडे के कार्यक्रम में डीके शिवकुमार ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम में उनकी जानकारी के बिना पूरा वंदे मातरम गाया गया था। उन्होंने कहा कि आगे से सरकारी कार्यक्रमों में राष्ट्रगीत के दो ही छंद गाए जाएंगे।
दरअसल, कांग्रेस वर्किंग कमेटी ने 19 अगस्त को फैसला किया था कि पार्टी के सभी कार्यक्रमों में वंदे मातरम के छह छंदों में से केवल शुरुआती दो छंद ही गाए जाएंगे। यह फैसला 15 अगस्त को कांग्रेस मुख्यालय में राष्ट्रगीत के गायन को लेकर हुए विवाद के बाद लिया गया था।
भाजपा ने कांग्रेस पर लगाए गंभीर आरोप
वंदे मातरम को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच विवाद स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम के बाद तेज हुआ। भाजपा ने कांग्रेस पर राष्ट्रगीत का अपमान करने का आरोप लगाया था। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कांग्रेस के पूरे वंदे मातरम को नहीं गाने के फैसले को हैरान करने वाला बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने 1937 में मुस्लिम तुष्टीकरण के लिए राष्ट्रगीत के साथ ऐसा फैसला किया था, जिसके दूरगामी राजनीतिक परिणाम हुए।
भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने भी कांग्रेस पर वोट बैंक की राजनीति करने और राष्ट्रीय गीत के अपमान का आरोप लगाया। उन्होंने कांग्रेस के फैसले को शहीदों का अपमान बताया।
कांग्रेस ने सोनिया गांधी के इशारे पर दी थी सफाई
15 अगस्त को कांग्रेस मुख्यालय में वंदे मातरम के गायन के दौरान राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे और सोनिया गांधी के आपस में बातचीत करने का वीडियो सामने आया था। भाजपा ने दावा किया था कि सोनिया गांधी ने पूरा गीत गाए जाने पर आपत्ति जताई थी।
कांग्रेस ने इन आरोपों को खारिज किया था। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा था कि मुख्यालय में पूरा वंदे मातरम गाया गया और इसे रोकने की कोई कोशिश नहीं हुई। उनके अनुसार सोनिया गांधी खड़गे के लिए कुर्सी मांग रही थीं, क्योंकि वह काफी देर से खड़े थे।
वंदे मातरम को लेकर 2026 में जारी हुए आदेश
वंदे मातरम को लेकर केंद्र सरकार की ओर से 2026 में कई निर्देश भी जारी किए गए हैं। 31 जनवरी को गृह मंत्रालय ने पूरे छह छंदों को राष्ट्रगीत का आधिकारिक संस्करण बताया था। आदेश में राष्ट्रगीत के दौरान सम्मान और निर्धारित शिष्टाचार बनाए रखने की बात कही गई थी। इसके बाद 9 जुलाई को गृह मंत्रालय ने राज्यों, केंद्रशासित प्रदेशों और केंद्र सरकार के मंत्रालयों को राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान से संबंधित नियमों का पालन करने के निर्देश दिए। इसमें सही पाठ, उच्चारण और निर्धारित प्रोटोकॉल का पालन करने को कहा गया था।
जुलाई-अगस्त 2026 में राष्ट्रीय सम्मान से जुड़े कानून में संशोधन भी किया गया। इसमें जानबूझकर राष्ट्रगीत के गायन को रोकने या गायन कर रही सभा में बाधा डालने को दंडनीय बनाया गया है। हालांकि, उपलब्ध प्रावधानों में पूरे छह छंद नहीं गाने को अपने आप में अपराध बताए जाने की बात स्पष्ट नहीं है।
अब शिवकुमार के बयान से फिर बढ़ी सियासी बहस
डीके शिवकुमार के ताजा बयान के बाद वंदे मातरम को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक बहस एक बार फिर तेज होने के आसार हैं। शिवकुमार ने जहां कांग्रेस के फैसले पर कायम रहने की बात कही है, वहीं भाजपा पहले ही पार्टी के फैसले को लेकर कांग्रेस पर निशाना साध चुकी है।
ऐसे में अब नजर इस बात पर रहेगी कि कर्नाटक के सरकारी कार्यक्रमों में वंदे मातरम के गायन को लेकर आगे क्या व्यवस्था लागू होती है और इस मुद्दे पर भाजपा की ओर से क्या प्रतिक्रिया आती है।
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