
x
Mumbai मुंबई। महाराष्ट्र की आर्थिक राजधानी मुंबई के पवई इलाके में रविवार देर रात उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब एक व्यक्ति ने अपने ही घर में दो बच्चों को बंधक बना लिया। पुलिस और स्थानीय प्रशासन की घंटों चली कोशिशों के बाद बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, लेकिन आरोपी व्यक्ति को गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना मुंबई के पवई के तुंगावा क्षेत्र की बताई जा रही है। पुलिस के अनुसार, आरोपी व्यक्ति की पहचान 38 वर्षीय राजेश (परिवर्तित नाम) के रूप में हुई है, जो मानसिक तनाव से जूझ रहा था। बताया जा रहा है कि उसने घरेलू विवाद के बाद अपने दो छोटे बच्चों—एक 6 साल की बेटी और 4 साल के बेटे—को घर के अंदर बंद कर लिया था और खुद को भी भीतर से लॉक कर लिया।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, राजेश ने किसी को भी अंदर आने नहीं दिया और बच्चों के साथ खुद को कमरे में कैद कर लिया। स्थिति बिगड़ने पर पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी। इसके बाद पवई पुलिस और मुंबई की क्विक रेस्पॉन्स टीम (QRT) मौके पर पहुंची। पुलिस ने लगभग तीन घंटे तक आरोपी को शांत करने और बातचीत के जरिए सरेंडर करने की कोशिश की, लेकिन वह लगातार आक्रामक व्यवहार करता रहा। आखिरकार, पुलिस को जबरन दरवाजा तोड़कर भीतर घुसना पड़ा। इस दौरान आरोपी बेहोश अवस्था में मिला, जबकि दोनों बच्चे सुरक्षित थे।
राजेश को तुरंत एच.बी.टी. अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में आत्महत्या या हृदयाघात की आशंका जताई जा रही है, हालांकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी। मुंबई पुलिस ने बताया कि बच्चों को काउंसलिंग के लिए चाइल्ड वेलफेयर अधिकारियों के पास भेजा गया है। परिजनों से पूछताछ जारी है ताकि घटना की पृष्ठभूमि को समझा जा सके।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, “प्राथमिक जांच में यह मामला मानसिक तनाव और पारिवारिक विवाद से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। आरोपी ने पिछले कुछ महीनों से अवसाद के लक्षण दिखाए थे। घटना की विस्तृत जांच की जा रही है। स्थानीय निवासियों ने राहत की सांस ली कि दोनों बच्चे सुरक्षित हैं। वहीं, इस घटना ने मुंबई में बढ़ते मानसिक तनाव और पारिवारिक कलह के मामलों को लेकर चिंता भी बढ़ा दी है। पुलिस ने कहा कि इस तरह के मामलों में समय रहते काउंसलिंग और सामुदायिक सहायता बेहद जरूरी है, ताकि ऐसी त्रासदियां दोबारा न हों।
Tagsमुंबईपवईबंधक कांडबच्चों की सुरक्षाएचबीटी अस्पतालमुंबई पुलिसमानसिक तनावबचाव अभियानमहाराष्ट्रअपराध समाचारजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारहिंन्दी समाचारजनताJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperjantasamachar newssamacharHindi news
Next Story





