अफसर हत्याकांड, पुलिस ने मास्टरमाइंड को एनकाउंटर में मार गिराया

बिहार। भागलपुर जिले के सुल्तानगंज में कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण की हत्या के बाद पुलिस ने ताबड़तोड़ ऐक्शन लिया है। पुलिस ने यहां एनकाउंटर में इस कांड के मास्टरमाइंड रामाधीन यादव को ढेर कर दिया है। इस एनकाउंटर को लेकर कुछ मीडिया रिपोर्ट में बताया जा रहा है कि नगर परिषद उपाध्यक्ष नीलम देवी का पति रामाधीन यादव इस पूरे हत्याकांड का मास्टरमाइंड था। कहा जा रहा है कि सुबह-सुबह पुलिस ने जब उसे पकड़ने के लिए छापा मारा तब उसने पुलिस पर फायरिंग कर दी। इसके बाद पुलिस ने भी मोर्चा संभाला और फिर एनकाउंटर वो ढेर हो गया।
इससे पहले यह खबर आई थी कि कार्यपालक पदाधिकारी की हत्या में पुलिस ने नीलम देवी और रामाधीन यादव को हिरासत में लिया था। कहा जा रह है कि पुलिस इस जघन्य हत्याकांड में इस्तेमाल किए गए हथियार को बरामद करना चाहती थी। पुलिस रामाधीन को लेकर हथियार और अन्य सामग्री के लिए छापेमारी करने गई थी। लेकिन वहां रामाधीन की तरफ से पुलिस पर फायरिंग कर दी गई। इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में गोलियां चलाई जिसमें रामाधीन ढेर हो गया। यह भी कहा जा रहा है कि इस एनकाउंटर में एक या दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं।
बता दें कि सुल्तानगंज नगर परिषद कार्यालय परिसर में मंगलवार की शाम 4.05 बजे नकाबपोश अपराधियों ने कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण कुमार की सभापति के चैंबर में गोली मारकर हत्या कर दी थी। अपराधियों ने परिषद के सभापति राजकुमार गुड्डू को भी गोली मारी। उनकी हालत गंभीर है। कार्यपालक पदाधिकारी को तीन गोली मारने की बात सामने आई है। गोली उनके सिर में मारी गई थी। सभापति को दो गोली मारी गई थी जो उनके सिर व सीने में फंसी है। भाजपा से जुड़े सभापति को मायागंज अस्पताल में प्राथमिक इलाज के बाद देर शाम पटना रेफर कर दिया गया है। घटना सीसीटीवी में कैद हुई है। घटना के बाद डीएम नवल किशोर चौधरी मायागंज अस्पताल पहुंचे और सभापति के रेफर होने तक वहीं रुके रहे। एसएसपी प्रमोद कुमार यादव और एसपी सिटी शैलेंद्र सिंह घटनास्थल पर जांच के लिए पहुंचे। उन्होंने प्रशिक्षु आईपीएस सह थानाध्यक्ष सईम रजा से जानकारी ली। कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण कुमार मूल रूप से मधुबनी के 173 कशेरा पोखर मोहल्ला गरियानी-04 के रहने वाले थे। कार्यपालक पदाधिकारी के शव का मंगलवार रात ही पोस्टमार्टम हो गया। वे मूल रूप से कहलगांव नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी के पद पर पदस्थापित थे। सुल्तानगंज नगर परिषद में वे अतिरिक्त प्रभार में थे।





