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ट्रैफिक नियम तोड़ते दिखे मंत्री के बेटे, डीसी ने दिया कार्रवाई का आदेश

SHIDDHANT
12 Oct 2025 12:01 AM IST
ट्रैफिक नियम तोड़ते दिखे मंत्री के बेटे, डीसी ने दिया कार्रवाई का आदेश
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जिला परिवहन
Ranchi रांची। झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी का बेटा कृष अंसारी एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। इस बार वजह उनका वायरल हुआ वीडियो है, जिसमें वह चलती कार के सनरूफ से बाहर निकलकर हाथ हिलाते हुए और ट्रैफिक नियमों की अवहेलना करते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में उनके साथ कई वाहन तेज गति से सड़क पर चलते दिख रहे हैं। सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इस मामले ने राज्य में सियासी बवाल खड़ा कर दिया।
रांची के डिप्टी कमिश्नर (DC) मंजूनाथ भजंत्री ने इस पर तुरंत कार्रवाई का आदेश दिया और जिला परिवहन अधिकारी को निर्देशित किया कि आवश्यक कार्रवाई की जाए। वीडियो में कृष अंसारी की गाड़ियों के काफिले के साथ परिवहन नियमों की धज्जियां उड़ती दिखाई दे रही हैं, जिसके कारण लोगों ने सवाल उठाए हैं। कुछ सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं ने कहा कि अगर आम लोग ऐसा करते, तो मोटर व्हीकल एक्ट सेक्शन 184 के तहत 1,000 से 10,000 रुपये का जुर्माना या 6 महीने की जेल की सजा हो सकती थी।
इस मामले पर भाजपा ने निशाना साधा है। झारखंड बीजेपी के प्रवक्ता अजय शाह ने सोशल मीडिया पर लिखा कि झारखंड का दुर्भाग्य है कि अन्य राज्यों के मंत्री-पुत्र अपने अनुभव और नए आइडिया लेकर आते हैं, जबकि यहां के मंत्री-पुत्र केवल दिखावा और शेखीबाजी लेकर लौटते हैं। वे मानते हैं कि सिर्फ पारिवारिक नाम और सत्ता की वजह से सीधे विधायक या मंत्री बन जाएंगे। अब देखना यह है कि रांची डीसी इस पर कार्रवाई करेंगे या नहीं। यह पहली बार नहीं है जब कृष अंसारी चर्चा में आए हैं। इस साल जुलाई में उनका एक और वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें वह अस्पताल में अपने दोस्तों के साथ निरीक्षण करते हुए दिखाई दिए थे। वीडियो में कहा जा रहा था कि “कोई परेशानी हो तो बताइए, मंत्री जी के बेटे आए हैं।
उस समय भी वीडियो पर बवाल मचा और स्वास्थ्य मंत्री को सफाई देनी पड़ी थी। हालांकि, अब वायरल हुए इस नए वीडियो ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में फिर गरमाहट पैदा कर दी है, और सवाल उठ रहे हैं कि क्या सत्ता और नाम के सहारे कोई भी कानून से ऊपर हो सकता है। स्थानीय प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और सोशल मीडिया पर फैल रही आलोचनाओं के बीच कानूनी कार्रवाई की संभावना पर सबकी नजर बनी हुई है। इस पूरे घटनाक्रम ने राजनीतिक पार्टियों और जनता में नए बहस का विषय खड़ा कर दिया है, और यह मामला राज्य में युवा नेताओं और परिवारों के प्रभाव पर भी सवाल उठा रहा है।
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