भारत

बंगाल की खाड़ी में लो प्रेशर, 9 राज्यों में अलर्ट

Rajeshwari Nishad
21 Oct 2026 5:11 PM IST
बंगाल की खाड़ी में लो प्रेशर, 9 राज्यों में अलर्ट
x
नई दिल्ली: देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज बदलने के संकेत मिल रहे हैं। बंगाल की खाड़ी में नया निम्न दबाव क्षेत्र बनने के लिए अनुकूल परिस्थितियां तैयार हो रही हैं। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के मुताबिक, इसके प्रभाव से 22 अक्टूबर को दक्षिण भारत के कई राज्यों के साथ मध्य और पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में बारिश, तेज हवाओं और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
मौसम के इस संभावित बदलाव को देखते हुए तमिलनाडु, केरल, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, मध्य प्रदेश, गोवा और महाराष्ट्र में मौसम को लेकर सतर्क रहने की जरूरत है। वहीं, दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर-पश्चिम, मध्य और पश्चिम भारत के कई अन्य हिस्सों में फिलहाल किसी बड़े मौसमी बदलाव की संभावना नहीं जताई गई है। हालांकि, अलग-अलग जिलों में मौसम की स्थिति बदल सकती है, इसलिए स्थानीय पूर्वानुमान पर नजर रखना जरूरी है।
बंगाल की खाड़ी में मौसम बदलने के संकेत
बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव क्षेत्र बनने की प्रक्रिया मानसून के बाद के मौसम में बारिश की गतिविधियों को प्रभावित कर सकती है। जब समुद्र के ऊपर हवा का दबाव कम होने लगता है, तो वहां बादलों का विकास और नमी का जमाव बढ़ सकता है। अनुकूल परिस्थितियां मिलने पर इससे बारिश और गरज-चमक वाली गतिविधियां तेज हो सकती हैं।
इस तरह की मौसमी प्रणालियों का प्रभाव केवल तटीय इलाकों तक सीमित नहीं रहता। हवा की दिशा, नमी और प्रणाली की स्थिति के आधार पर आसपास के राज्यों के मौसम में भी बदलाव आ सकता है। हालांकि, बारिश का वास्तविक क्षेत्र और उसकी तीव्रता इस बात पर निर्भर करेगी कि निम्न दबाव क्षेत्र कब और कहां विकसित होता है तथा आगे किस दिशा में बढ़ता है।
तमिलनाडु और केरल में भारी बारिश की आशंका
दक्षिण भारत में 22 अक्टूबर को बारिश का असर अधिक देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। केरल और माहे में भी बारिश की गतिविधियां जारी रह सकती हैं।
बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव, सड़कों पर फिसलन और यातायात प्रभावित होने जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं। जिन इलाकों में लगातार बारिश हो रही है, वहां लोगों को स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों पर ध्यान देना चाहिए।
आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में कैसा रहेगा मौसम?
आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में भी गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना जताई गई है। तटीय आंध्र प्रदेश और रायलसीमा के कुछ हिस्सों में मौसम की गतिविधियां तेज रह सकती हैं।
बारिश के दौरान तेज हवाएं चलने और बिजली गिरने का खतरा भी बना रह सकता है। ऐसे में खुले मैदानों, पेड़ों के नीचे और बिजली के खंभों के आसपास खड़े होने से बचना चाहिए। किसानों और खुले स्थानों पर काम करने वाले लोगों को भी स्थानीय मौसम अपडेट देखकर अपनी गतिविधियों की योजना बनानी चाहिए।
मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और गोवा में भी नजर रखें
मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और गोवा के मौसम में भी बदलाव की संभावना को देखते हुए सतर्क रहना जरूरी है। हालांकि, इन राज्यों के सभी जिलों में एक जैसी बारिश होने का अनुमान नहीं लगाया जा सकता। मौसम का असर स्थानीय परिस्थितियों और बादलों की गतिविधियों पर निर्भर करेगा।
मध्य प्रदेश में कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है, जबकि महाराष्ट्र और गोवा में स्थानीय स्तर पर मौसम बदल सकता है। इन राज्यों के लोगों को अपने जिले के लिए जारी मौसम चेतावनी की जानकारी जरूर जांचनी चाहिए।
विशेष रूप से वाहन चालकों को बारिश के दौरान धीमी गति से गाड़ी चलाने, सुरक्षित दूरी बनाए रखने और जलभराव वाली सड़कों से बचने की सलाह दी जाती है।
दिल्ली-NCR में कैसा रहेगा मौसम?
दिल्ली-एनसीआर में 22 अक्टूबर को बड़े बदलाव की संभावना को लेकर स्थानीय पूर्वानुमान पर नजर रखना जरूरी है। उपलब्ध मौसम जानकारी के अनुसार, दिल्ली में दिन का अधिकतम तापमान लगभग 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 20 डिग्री सेल्सियस रह सकता है। बारिश की संभावना कम बताई गई है। हालांकि, स्थानीय परिस्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है।
उत्तर-पश्चिम भारत के अन्य हिस्सों में भी मौसम की स्थिति अलग-अलग रह सकती है। इसलिए पूरे क्षेत्र के लिए एक जैसा पूर्वानुमान मानने के बजाय संबंधित शहर और जिले का अपडेट देखना बेहतर होगा।
लोगों को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?
बारिश और गरज-चमक की चेतावनी वाले इलाकों में लोगों को कुछ सावधानियां बरतनी चाहिए।
घर से निकलने से पहले अपने जिले का ताजा मौसम पूर्वानुमान देखें।
बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान और ऊंचे पेड़ों से दूर रहें।
जलभराव वाले रास्तों और तेज बहाव वाले पानी में जाने से बचें।
तेज हवाओं के दौरान कमजोर छतों, अस्थायी ढांचों और होर्डिंग के पास खड़े न हों।
मछुआरे समुद्र में जाने से पहले मौसम विभाग की समुद्री चेतावनियों का पालन करें।
22 अक्टूबर को देशभर में कैसा रहेगा मौसम?
कुल मिलाकर, 22 अक्टूबर 2026 को दक्षिण भारत के कई हिस्सों में बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है। बंगाल की खाड़ी में विकसित हो रही मौसमी प्रणाली के कारण तमिलनाडु, केरल, आंध्र प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में विशेष सतर्कता जरूरी है। मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और गोवा में भी स्थानीय पूर्वानुमान पर नजर रखनी चाहिए।
Next Story