
बंगाल। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने गुरुवार को पूर्व मेदिनीपुर जिले के नंदीग्राम में एक बुजुर्ग महिला की "हत्या" को लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की आलोचना की. उन्होंने सीएम को तत्काल कार्रवाई करने और कार्रवाई की रिपोर्ट उन्हें सौंपने का निर्देश दिया. एक न्यूज एजेंसी के मुताबिक, एक चिट्ठी में राज्यपाल ने सीएम ममता को "चेतावनी" दी कि वे "खून-खराबा" बंद करें. उन्होंने साथ ही कहा कि सुनिश्चित करें कि सभी जरूरी कार्रवाई आचार संहिता (एमसीसी) के मापदंडों के भीतर की जाए.
राज्यपाल ने नंदीग्राम में राज्य सरकार द्वारा "प्रायोजित हिंसा" पर कड़ी आपत्ति जाहिर की और जोर दिया कि किसी भी संवैधानिक उल्लंघन को गंभीरता से लिया जाएगा और उचित कार्रवाई की जाएगी. इस संबंध में राज्यपाल ने गुरुवार शाम को राज्य सचिवालय को एक चिट्ठी भेजा है.
सूत्रों के मुताबिक, "उन्होंने (राज्यपाल ने) सीएम ममता बनर्जी को तत्काल कार्रवाई करने और की गई कार्रवाई की रिपोर्ट तुरंत उन्हें (राज्यपाल को) भेजने का निर्देश दिया है. भारत के संविधान के अनुच्छेद 167 के तहत ऐसा करना अनिवार्य है. संविधान के किसी भी उल्लंघन को गंभीरता से लिया जाएगा और उचित कार्रवाई की जाएगी. सीएम को आचार संहिता के मापदंडों के भीतर प्रभावी कार्रवाई करनी चाहिए.''
पश्चिम बंगाल पुलिस का कहना है कि बुधवार रात नंदीग्राम में अनुसूचित जाति समुदाय की एक महिला बीजेपी कार्यकर्ता की हत्या कर दी गई, जिसके बाद गुरुवार को पार्टी के कार्यकर्ताओं ने बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन किया. यह क्षेत्र तमलुक लोकसभा सीट के अंतर्गत आता है और बंगाल के विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी का गढ़ माना जाता है जहां 25 मई को मतदान होना है.





