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सीमा पर GOC हितेश भल्ला का दौरा, जवानों की तैयारी से संतुष्ट

SHIDDHANT
4 Nov 2025 9:32 PM IST
सीमा पर GOC हितेश भल्ला का दौरा, जवानों की तैयारी से संतुष्ट
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सेना
Ladakh लद्दाख। भारतीय सेना के फायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC) लेफ्टिनेंट जनरल हितेश भल्ला ने लद्दाख के अत्यंत दुर्गम और सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण सीमावर्ती क्षेत्रों देमचोक और चुमार सेक्टर का दौरा किया। उन्होंने इस दौरान क्षेत्र में तैनात सेना की इकाइयों की ऑपरेशनल प्रिपेयर्डनेस (संचालन तैयारी) की समीक्षा की और जवानों की सतर्कता एवं तत्परता की सराहना की। लेफ्टिनेंट जनरल भल्ला ने कहा कि देश की सीमाओं की सुरक्षा के लिए जवान कठिन मौसम और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में लगातार डटे हुए हैं, जो अत्यंत सराहनीय है। उन्होंने जवानों की प्रतिबद्धता, मनोबल और अदम्य साहस की प्रशंसा करते हुए कहा कि लद्दाख की ऊंची बर्फीली चोटियों पर तैनात सैनिक देश की सुरक्षा की अडिग दीवार हैं।

सेना की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि जीओसी ने जवानों को आधुनिक तकनीक, नवाचारपूर्ण रणनीतियां और उन्नत प्रशिक्षण पद्धतियों को अपनाने के लिए प्रेरित किया, ताकि राष्ट्रीय सुरक्षा को और अधिक मजबूत बनाया जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय सेना लगातार नई तकनीकों को युद्धक क्षमताओं में शामिल कर रही है, जिससे दुर्गम इलाकों में भी चौकसी और प्रतिक्रिया समय को बेहतर बनाया जा सके। भल्ला ने इस दौरान स्थानीय कमांडरों से विस्तृत चर्चा की और मौजूदा सीमा हालात, रसद आपूर्ति और संचार व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने जवानों को भरोसा दिलाया कि सेना मुख्यालय और सरकार हर स्तर पर उनके कल्याण और सुविधाओं के लिए प्रतिबद्ध है।

भारतीय सेना की फायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स लद्दाख क्षेत्र में चीन सीमा से लगी वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) की सुरक्षा में अग्रणी भूमिका निभाती है। देमचोक और चुमार सेक्टर, सामरिक रूप से अत्यंत संवेदनशील माने जाते हैं, जहां सर्दियों के दौरान तापमान शून्य से कई डिग्री नीचे चला जाता है। इसके बावजूद भारतीय सेना के जवान पूरी मुस्तैदी और जज्बे के साथ सीमा सुरक्षा में लगे हुए हैं। इस दौरे को सेना की ओर से मोरल बूस्टिंग (हौसला बढ़ाने) की कवायद के रूप में देखा जा रहा है। इससे सीमावर्ती क्षेत्रों में तैनात सैनिकों का मनोबल और बढ़ा है।
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