
New Delhi नई दिल्ली: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) अपने Gaganyatri मिशन के तहत अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) पर माइक्रोग्रेविटी प्रयोग करने के लिए तैयार है। यह मिशन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2023 में अमेरिकी दौरे के बाद शुरू हो रहा है और यह भारतीय अंतरिक्ष यात्री के द्वारा ISS पर किया गया पहला मिशन होगा।
मिशन के दौरान, ISRO के अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला सात माइक्रोग्रेविटी शोध प्रयोग करेंगे, जिनका उद्देश्य मानव स्वास्थ्य, सामग्री विज्ञान, जैव प्रौद्योगिकी और कृषि जैसे क्षेत्रों में नए दृष्टिकोण विकसित करना है।
ISRO का यह कदम भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हो सकता है, और इसके साथ ही भारत का 2040 तक चंद्र मिशन और 2035 तक भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन स्थापित करने का सपना और भी करीब दिखाई दे रहा है।





