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फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, ऑपरेट कर रहा था ठग गिरोह

Nilmani Pal
23 Jan 2026 7:32 AM IST
फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, ऑपरेट कर रहा था ठग गिरोह
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यूपी। गोरखपुर में कॉल सेंटर की आड़ में विदेशों में बैठे लोगों से ठगी करने वाले एक गिरोह के छह युवकों को पुलिस ने उठाया है। प्रारंभिक पूछताछ में खुलासा हुआ है कि यह गिरोह करीब छह माह से किराए के मकान में फर्जी काल सेंटर संचालित कर रहा था, जहां 10 से 15 युवक-युवतियां काम करते थे। चिलुआताल पुलिस हिरासत में लिए लोगों से पूछताछ कर रही है। शुक्रवार को इस मामले में खुलासा करने की तैयारी है।

पुलिस सूत्रों के मुताबिक गिरोह के सदस्य अमेरिका सहित अन्य देशों के लोगों को हेल्थ इंश्योरेंस के नाम पर कॉल करते थे और झांसे में लेकर उनसे पैसे ठगते थे। ठगी की रकम विभिन्न डिजिटल माध्यमों और फर्जी खातों के जरिए एकत्र की जाती थी। गिरोह का सरगना चिलुआताल क्षेत्र के करीमनगर इलाके में किराए का कमरा लेकर यह गतिविधि चला रहा था। हिरासत में लिए गए युवक लखनऊ, गोरखपुर और आसपास के जिलों के निवासी बताए जा रहे हैं। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि पकड़े गए आरोपितों में एक युवक ऐसा है, जिसे एक वर्ष पूर्व लखनऊ में इसी तरह की जालसाजी के मामले में जेल भेजा गया था। इससे गिरोह के आपराधिक नेटवर्क के पुराने होने की आशंका जताई जा रही है। छापेमारी के दौरान पुलिस ने कालिंग में इस्तेमाल किए जा रहे कई लैपटॉप, मोबाइल, सिम कार्ड और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण कब्जे में लिए गए हैं। पुलिस अब कॉल डाटा, फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन और इंटरनेशनल कॉलिंग से जुड़े तकनीकी साक्ष्यों की गहन जांच कर रही है, ताकि यह पता लग सके कि ठगी की रकम कहां-कहां ट्रांसफर की गई।

यह भी जांच हो रही है कि काल सेंटर के संचालन के लिए किसी प्रकार का वैध लाइसेंस लिया गया था या नहीं। साथ ही मकान मालिक से भी पूछताछ हो रही है कि उसे किराएदारों की गतिविधियों की जानकारी थी या नहीं। पुलिस का मानना है कि यह गिरोह बड़े पैमाने पर अंतरराष्ट्रीय ठगी में संलिप्त हो सकता है और जांच के दौरान कई और चौंकाने वाले खुलासे होने की संभावना है। उत्तरी क्षेत्र के एसपी, ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि हिरासत में लिए गए युवकों से गहन पूछताछ की जा रही है। अन्य सदस्यों और नेटवर्क से जुड़े लोगों की तलाश में लगातार छापेमारी हो रही है। जांच पूरी होने के बाद साक्ष्यों के आधार पर मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जाएगी।


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