CM की सुरक्षा में चूक मामले में निगम का सुपरवाइजर सस्पेंड, ओवरब्रिज उद्घाटन के दौरान हुई घटनाक्रम

यूपी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 20 दिसंबर को गोरखनाथ मंदिर के पास बने ओवरब्रिज का उद्घाटन करने के लिए अपने गृहनगर गोरखपुर में थे. इस दौरान उनकी सुरक्षा में एक बड़ी चूक सामने आई. उनके कार से उतरते ही एक गाय उनके वाहन की ओर बढ़ी, जिससे सुरक्षा कर्मियों में हड़कंप मच गया. इसका वीडियो रविवार को सामने आने के बाद अधिकारियों ने जांच के आदेश दिए और नगर निगम के एक सुपरवाइजर को निलंबित कर दिया.
वीडियो में सांसद रवि किशन पहले गाड़ी से उतरते दिखे. इसके बाद मुख्यमंत्री के उतरते ही गाय नजदीक आ गई, जिस पर सतर्क सुरक्षा कर्मियों ने घेरा बनाया और गाय को भगाया. नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल ने जानवर के सुरक्षा घेरे में घुसने पर आंतरिक जांच के आदेश दिए. यह एक महीने के भीतर सीएम योगी की सुरक्षा में चूक का दूसरा मामला है. प्रारंभिक जांच में नगर निगम सुपरवाइजर अरविंद कुमार की लापरवाही पाई गई, जिन्हें निलंबित कर दिया गया. वह क्षेत्र में नागरिक व्यवस्थाओं की निगरानी के लिए जिम्मेदार थे. गोरखपुर के नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल ने कहा कि वीवीआईपी सुरक्षा में किसी भी ढिलाई को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और व्यवस्थाओं की समीक्षा कर कड़ाई की जाएगी ताकि दोबारा ऐसा न हो. उत्तर प्रदेश में आवारा पशुओं का मुद्दा विपक्षी नेता अक्सर उठाते रहे हैं, जिनमें समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव भी शामिल हैं. अखिलेश यादव ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, 'मुख्यमंत्री की सुरक्षा में अगर लापरवाही हो रही है तो भाजपा शासन में आमजन की सुरक्षा और संरक्षण के बारे में क्या कहा जाए?'
इससे पहले 2 दिसंबर को वाराणसी के नमो घाट पर 'काशी तमिल संगमम 4.0' कार्यक्रम के दौरान एक नशे में धुत व्यक्ति सुरक्षा घेरा तोड़कर मंच की ओर बढ़ा था, जहां सीएम योगी बैठे थे. उस व्यक्ति को सीएम की सुरक्षा में तैनात कमांडो ने पकड़ लिया था. वाराणसी के अपर पुलिस आयुक्त विदुष सक्सेना ने बताया था कि युवक की पहचान जोगिंदर गुप्ता के रूप में हुई, जो शहर के स्टेशन पर पानी बेचता है. वह शराब का आदी है और नशे में कार्यक्रम स्थल पर पहुंचा था. जोगिंदर मानसिक तनाव से भी पीड़ित है और इलाज करा रहा है.





