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हौज खास थाने से अस्पताल ले जाया गया
Delhi दिल्ली। चुनाव आयोग के खिलाफ INDIA गठबंधन के विरोध प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए गए कांग्रेस सांसद इमरान मसूद की तबीयत मंगलवार को हौज खास पुलिस स्टेशन में बिगड़ गई। इसके बाद उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। यह घटनाक्रम उस समय सामने आया, जब विपक्षी सांसद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर राजधानी दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे थे। मंगलवार को INDIA गठबंधन के सांसद संसद भवन परिसर से चुनाव आयोग मुख्यालय की ओर मार्च के लिए निकले थे। प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा और मतदाता सूची के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन यानी SIR से जुड़े मुद्दों पर जवाब था। पुलिस ने मार्च को चुनाव आयोग मुख्यालय पहुंचने से पहले ही रोक दिया, जिसके बाद कई सांसदों ने सड़क पर धरना शुरू कर दिया।
कांग्रेस सांसद इमरान मसूद भी इस विरोध प्रदर्शन में शामिल थे। मार्च से पहले उन्होंने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया था कि मुख्य चुनाव आयुक्त के नेतृत्व में आयोग के प्रति जनता का विश्वास कमजोर हुआ है। उन्होंने मतदाता पंजीकरण से जुड़े Form-6 में बदलाव और SIR प्रक्रिया को लेकर भी सवाल उठाए थे। प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था काफी कड़ी रखी गई थी। संसद क्षेत्र और निर्वाचन सदन के आसपास भारी संख्या में पुलिस और सुरक्षा बलों की तैनाती की गई। कई स्थानों पर बैरिकेड लगाए गए थे। राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा, अखिलेश यादव और अन्य विपक्षी नेताओं को भी अलग-अलग चरणों में हिरासत में लिया गया।
इसी क्रम में इमरान मसूद को भी पुलिस ने हिरासत में लिया और उन्हें हौज खास पुलिस स्टेशन ले जाया गया। हिरासत के दौरान उनकी तबीयत खराब होने की जानकारी सामने आई, जिसके बाद पुलिस की निगरानी में उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया। फिलहाल उनकी तबीयत बिगड़ने की विस्तृत वजह और स्वास्थ्य संबंधी अन्य जानकारी आधिकारिक रूप से स्पष्ट नहीं की गई है। इससे पहले INDIA गठबंधन के सांसदों ने संसद के मकर द्वार पर एकत्र होकर चुनाव आयोग मुख्यालय की ओर मार्च शुरू किया था। नेताओं ने CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, SIR प्रक्रिया से संबंधित अपनी आपत्तियों और मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठाया। विपक्षी दलों का आरोप है कि चुनाव आयोग को इन सवालों पर स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
दूसरी ओर चुनाव आयोग और केंद्र सरकार से जुड़े नेताओं ने विपक्ष के आरोपों को खारिज किया है। चुनाव आयोग का कहना है कि मतदाता सूची पुनरीक्षण से जुड़ी प्रक्रिया निर्धारित नियमों और कानूनी प्रावधानों के तहत की जा रही है। वहीं भाजपा नेताओं ने विपक्ष के प्रदर्शन को राजनीतिक बताया है। प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा आकाशवाणी भवन परिसर तक भी पहुंचे थे। वहां भी विपक्षी नेताओं ने धरना दिया। बाद में पुलिस ने कई नेताओं को हिरासत में ले लिया। पूरे दिन मध्य दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रही और कई रास्तों पर यातायात भी प्रभावित हुआ। इमरान मसूद की तबीयत खराब होने के बाद उन्हें अस्पताल ले जाए जाने से प्रदर्शन के बीच चिंता बढ़ गई। फिलहाल उनके स्वास्थ्य को लेकर आगे की आधिकारिक जानकारी का इंतजार है। वहीं INDIA गठबंधन ने चुनाव आयोग और SIR से जुड़े मुद्दों पर विरोध जारी रखने का संकेत दिया है।
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