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छात्रा का हाथ पकड़ते दिखे कांग्रेस MLA, वीडियो वायरल

SHIDDHANT
7 Oct 2026 10:34 PM IST
छात्रा का हाथ पकड़ते दिखे कांग्रेस MLA, वीडियो वायरल
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TSRTC बस में कांग्रेस विधायक घिरे
हैदराबाद। तेलंगाना के इब्राहिमपटनम से कांग्रेस विधायक मलरेड्डी रंगा रेड्डी एक वायरल वीडियो को लेकर विवाद में घिर गए हैं। वीडियो में वह राज्य सरकार की ‘महालक्ष्मी’ मुफ्त बस यात्रा योजना का जायजा लेने के दौरान एक कॉलेज छात्रा से बातचीत करते हुए उसका हाथ पकड़ते और उसे बार-बार छूते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद विपक्षी नेताओं ने उनके व्यवहार पर सवाल उठाते हुए कार्रवाई की मांग की है।



जानकारी के मुताबिक, मलरेड्डी रंगा रेड्डी तेलंगाना राज्य सड़क परिवहन निगम की एक चलती बस में महिलाओं और छात्राओं से ‘महालक्ष्मी’ योजना के बारे में प्रतिक्रिया ले रहे थे। वायरल वीडियो में विधायक दो छात्राओं से बात करते दिखाई देते हैं। इसी दौरान वह एक छात्रा का हाथ पकड़ते हैं। कुछ हिस्सों में छात्रा पीछे हटने की कोशिश करती दिखाई देती है। छात्राओं ने बातचीत के दौरान बताया कि वे पिछले करीब एक साल से सरकारी बसों में मुफ्त यात्रा कर रही हैं और इससे उनके परिवहन खर्च में बचत हुई है। हालांकि, योजना पर बातचीत से ज्यादा विधायक के शारीरिक व्यवहार को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा शुरू हो गई। विपक्ष ने उठाए सवाल
भारत राष्ट्र समिति (BRS) के नेता आर.एस. प्रवीण कुमार ने वायरल वीडियो पर आपत्ति जताते हुए सवाल किया कि विधायक को छात्रा का हाथ पकड़ने की जरूरत क्यों पड़ी। उन्होंने इसे व्यक्तिगत मर्यादा और सहमति से जुड़ा मामला बताते हुए कार्रवाई की मांग की। सोशल मीडिया पर भी वीडियो तेजी से साझा किया जा रहा है। कई यूजर्स ने विधायक के व्यवहार की आलोचना की है। हालांकि, सोशल मीडिया पर की जा रही राजनीतिक टिप्पणियों और आरोपों को स्वतंत्र तथ्य के रूप में नहीं माना जा सकता।
विधायक ने दी सफाई
विवाद बढ़ने के बाद मलरेड्डी रंगा रेड्डी ने अपने व्यवहार का बचाव किया। उन्होंने इसे “स्नेहपूर्ण बातचीत” बताया और कहा कि उनका इरादा अनुचित नहीं था। दूसरी ओर, विपक्ष का कहना है कि सार्वजनिक पद पर बैठे व्यक्ति को बातचीत के दौरान व्यक्तिगत सीमाओं का ध्यान रखना चाहिए। फिलहाल उपलब्ध रिपोर्टों में छात्रा की ओर से किसी औपचारिक पुलिस शिकायत की पुष्टि नहीं हुई है। कांग्रेस पार्टी की तरफ से भी किसी अनुशासनात्मक कार्रवाई की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। इसलिए मामले में वायरल वीडियो, विपक्ष की आपत्ति और विधायक की सफाई—तीनों को अलग-अलग तथ्यों के रूप में देखा जाना चाहिए।
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