
नई दिल्ली | वक्फ संपत्तियों से जुड़े मामलों को पारदर्शी और विवादरहित बनाने के लिए वक्फ संशोधन विधेयक आज लोकसभा में पेश किया जाएगा। सरकार ने इसमें कई नए प्रावधान जोड़े हैं, जिनका मकसद वक्फ बोर्ड की जवाबदेही तय करना और अवैध कब्जों पर सख्त कार्रवाई करना है।
अवैध कब्जा हटाने के सख्त नियम – अब वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जा करने वालों पर बड़ी कार्रवाई होगी और जुर्माना भी बढ़ाया जाएगा।
भूमि विवाद निपटाने के लिए नया ट्रिब्यूनल – वक्फ संपत्तियों से जुड़े कानूनी मामलों को तेजी से सुलझाने के लिए अलग ट्रिब्यूनल गठित करने का प्रस्ताव।
डिजिटल रजिस्टर होगा अनिवार्य – अब सभी वक्फ संपत्तियों का डिजिटल रिकॉर्ड रखना जरूरी होगा, जिससे पारदर्शिता बढ़ेगी और धोखाधड़ी रुकेगी।
वक्फ बोर्ड पर कड़ी निगरानी – बोर्ड के कार्यों की निगरानी के लिए नए प्रावधान जोड़े गए हैं ताकि गड़बड़ियों पर तत्काल कार्रवाई हो सके।
JPC ने क्या बदलाव सुझाए?
राज्य सरकारों को ज्यादा अधिकार देने की सिफारिश, जिससे स्थानीय स्तर पर वक्फ संपत्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
मुआवजा नीति स्पष्ट करने की मांग, ताकि अधिग्रहण की स्थिति में संपत्ति धारकों को उचित मुआवजा मिले।
क्यों अहम है यह विधेयक?
देश में हजारों वक्फ संपत्तियां हैं, जिन पर विवाद और अवैध कब्जे की शिकायतें बढ़ रही हैं। यह नया कानून वक्फ संपत्तियों की सुरक्षा और पारदर्शिता को बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित हो सकता है। अब नजर लोकसभा की बहस पर है, जहां इस बिल को लेकर बड़ी चर्चा होने की उम्मीद है।





