भारत
BREAKING: शेयर मार्केट में 27 लाख की ठगी का मास्टरमाइंड गिरफ्तार
Shantanu Roy
30 Sept 2025 7:23 PM IST

x
जांच में किया बड़ा खुलासा
Chamoli. चमोली। शेयर मार्केट में मुनाफा दिलाने के झांसे में 27 लाख रुपये से अधिक की ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोह के मास्टरमाइंड को चमोली पुलिस ने गुजरात से गिरफ्तार कर लिया है। लगभग एक साल से फरार चल रहे इस आरोपी की गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक चमोली सर्वेश पंवार की सटीक रणनीति और निरंतर मॉनिटरिंग का नतीजा है। इस कार्रवाई को कोतवाली कर्णप्रयाग पुलिस ने अंजाम दिया, जिसने साइबर अपराधियों के नेटवर्क को ध्वस्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है।
कैसे शुरू हुआ मामला
यह प्रकरण 31 जुलाई 2024 को सामने आया था, जब कर्णप्रयाग निवासी विपिन नौटियाल ने कोतवाली कर्णप्रयाग में तहरीर दी कि एक अज्ञात व्यक्ति ने शेयर मार्केट में निवेश कर भारी मुनाफा दिलाने का झांसा देकर उनसे ₹27,23,000/- की ठगी की है। इस तहरीर के आधार पर कोतवाली कर्णप्रयाग में मुकदमा अपराध संख्या 31/2024 धारा 318(4) बीएनएस बनाम अज्ञात पंजीकृत किया गया। शिकायत दर्ज होने के बाद से ही पुलिस अधीक्षक चमोली ने मामले पर कड़ी निगरानी रखी और हर स्तर पर पुलिस टीम को रणनीतिक दिशा-निर्देश दिए।
विवेचना में हुआ खुलासा
पुलिस जांच में सामने आया कि ठगी की पूरी रकम चार अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर की गई थी। इसके बाद पुलिस ने खाताधारकों की पहचान की और उनके ठिकानों पर दबिश देना शुरू किया। अब तक की जांच में पुलिस ने इस मामले में पहले ही एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। वहीं दो अन्य आरोपियों के खिलाफ धारा 35(3) बीएनएसएस के तहत कार्रवाई की गई।
मास्टरमाइंड की पहचान और गिरफ्तारी
मामले के मुख्य आरोपी की पहचान रंगपरिया चिराग कुमार पुत्र प्रवीण कुमार निवासी 110/111 इंदिरा गरीबनगर, नियर मंगल फ्लैट, थाना बापूनगर, अहमदाबाद (गुजरात), उम्र 27 वर्ष के रूप में हुई। यह आरोपी करीब एक साल से फरार चल रहा था और लगातार पुलिस से बचने की कोशिश कर रहा था। पुलिस की सर्विलांस टीम और मुखबिर की सटीक सूचना पर कार्रवाई करते हुए आरोपी को अहमदाबाद से दबोच लिया गया। गिरफ्तारी के बाद उसे स्थानीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से ट्रांजिट रिमांड पर चमोली लाया गया। 30 सितंबर 2025 को आरोपी को माननीय न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में जिला कारागार पुरसाड़ी भेज दिया गया।
पुलिस की मेहनत और टीमवर्क
इस बड़ी कार्रवाई में पुलिस टीम के सदस्यों ने अहम भूमिका निभाई।
उपनिरीक्षक मानवेन्द्र सिंह गुसाई (चौकी प्रभारी गौचर)
हेड कॉन्स्टेबल दीवान सिंह
कॉन्स्टेबल आशुतोष तिवारी
कॉन्स्टेबल राजेन्द्र रावत (सर्विलांस सैल चमोली)
इनकी सक्रियता और तत्परता से ही आरोपी को पकड़ना संभव हो सका।
एसपी चमोली का दृष्टिकोण
पुलिस अधीक्षक सर्वेश पंवार ने मामले की निगरानी शुरू से ही खुद की और हर कदम पर टीम को रणनीतिक दिशा-निर्देश दिए। उनकी सटीक रणनीति के चलते यह गिरफ्तारी संभव हो सकी। एसपी ने साफ कहा कि साइबर अपराध के खिलाफ चमोली पुलिस पूरी तरह सजग है और जनता को ठगने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
ऑनलाइन ठगी का बढ़ता खतरा
यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि ऑनलाइन ठगी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं और अपराधी नए-नए तरीकों से लोगों को फंसाने की कोशिश करते हैं। शेयर मार्केट में मुनाफे का लालच देकर आम नागरिकों को ठगना हाल के दिनों में अपराधियों का पसंदीदा तरीका बन गया है। पुलिस लगातार लोगों को जागरूक कर रही है कि किसी भी प्रकार की ऑनलाइन स्कीम, ऑफर या निवेश के झांसे में न आएं और बिना सत्यापन के अपनी निजी जानकारी या बैंक डिटेल साझा न करें।
Next Story





