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1050 फीट गहरे बोरवेल में गिरा भोमाराम, बचाने में जुटा प्रशासन
जयपुर। राजस्थान के फलोदी जिले में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। लोहावत क्षेत्र के नोसर गांव स्थित पुनियों की धानी में नौ वर्षीय भोमाराम करीब 1,050 फीट गहरे बोरवेल में गिर गया। बच्चा लगभग 640 फीट की गहराई पर फंसा हुआ है। उसे सुरक्षित बाहर निकालने के लिए प्रशासन और बचाव दल लगातार प्रयास कर रहे हैं। बोरवेल में डाले गए कैमरे से बच्चे में हलचल के संकेत मिलने के बाद परिजनों और बचावकर्मियों की उम्मीद बढ़ गई है।
खेत में काम के दौरान हुआ हादसा
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, भोमाराम के पिता पंचराम भील के खेत में लगे ट्यूबवेल में खराबी आ गई थी। इसकी मरम्मत के लिए ड्रिलिंग मशीन मंगाई गई थी। बताया जा रहा है कि जब पिता खेत में काम कर रहे थे, उसी दौरान भोमाराम मशीन के आसपास मौजूद था। अचानक उसका संतुलन बिगड़ा और वह खुले बोरवेल में गिर गया। घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे और मटोडा पुलिस तथा प्रशासन को सूचना दी गई।
640 फीट की गहराई पर फंसा मासूम
जानकारी के मुताबिक, बोरवेल की कुल गहराई लगभग 1,050 फीट है, जबकि बच्चा करीब 640 फीट नीचे फंसा हुआ है। इतनी अधिक गहराई के कारण बचाव अभियान में कई तकनीकी चुनौतियां सामने आ रही हैं। बचाव दल बच्चे तक पहुंचने और उसे सुरक्षित बाहर निकालने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं।
कैमरे में दिखी हलचल, ऑक्सीजन पहुंचाने की कोशिश
बच्चे की स्थिति का पता लगाने के लिए बोरवेल में कैमरा उतारा गया है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कैमरे में हलचल के संकेत मिले हैं, जिससे उसके सुरक्षित होने की उम्मीद बढ़ी है। बचावकर्मी बोरवेल के भीतर ऑक्सीजन पहुंचाने का प्रयास भी कर रहे हैं। हालांकि, बच्चे की वर्तमान स्वास्थ्य स्थिति की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।
मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री रख रहे नजर
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत बचाव अभियान की स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। रेंज आईजी सत्येंद्र सिंह और संभागीय आयुक्त केएल स्वामी को लगातार जानकारी दी जा रही है। जिला कलेक्टर अंकित सिंह और पुलिस अधीक्षक आदित्य काकडे अपनी टीमों के साथ घटनास्थल पर मौजूद हैं। फलोदी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बृजराज सिंह भी बचाव कार्य की निगरानी कर रहे हैं।
बोरवेल सुरक्षा नियमों पर उठे सवाल
पूर्व विधायक किसानराम बिश्नोई और भाजपा नेता भागीरथ बिश्नोई ने भी घटनास्थल पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। पूर्व विधायक ने भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं को रोकने के लिए बोरवेल से संबंधित सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराने की आवश्यकता बताई। फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता बच्चे को सुरक्षित बाहर निकालना है। बचाव अभियान जारी है और परिजन भोमाराम की सुरक्षित वापसी की उम्मीद लगाए हुए हैं।
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