
यूपी। कल मौसम का अचानक बदला मिजाज कई जिलों के लिए आफत बन गया। दोपहर बाद तेज धूलभरी आंधी, बारिश और तेज हवाओं ने प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में भारी तबाही मचाई। कहीं दीवार गिरने से लोगों की जान चली गई तो कहीं पेड़ और बिजली के खंभे गिरने से हादसे हुए। कई जिलों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई और सड़क व रेल यातायात भी प्रभावित हुआ। भदोही, मिर्जापुर, फतेहपुर, बदायूं, चंदौली और प्रयागराज समेत कई जिलों में अलग-अलग घटनाओं में कुल 45 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल हो गए। प्रशासन और राहत टीमें देर रात तक प्रभावित इलाकों में बचाव कार्य में जुटी रहीं।
आंधी-बारिश का सबसे ज्यादा असर भदोही जिले में देखने को मिला। तेज हवाओं और बारिश के चलते यहां बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ। देर रात तक जिले में 17 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी थी, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल बताए गए। कई इलाकों में पेड़ और बिजली के खंभे गिरने से जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया। मौसम की मार रेलवे संचालन पर भी पड़ी। तेज आंधी के दौरान ओवरहेड बिजली केबल टूट गई, जिससे चार ट्रेनें ट्रैक पर ही रोकनी पड़ीं। यात्रियों को घंटों परेशानी झेलनी पड़ी। रेलवे और प्रशासन की टीमें देर रात तक ट्रैक दुरुस्त करने में लगी रहीं।
र्जापुर में भी आंधी और बारिश के दौरान कई दर्दनाक हादसे हुए। जिले में 10 लोगों की मौत की खबर देर रात तक सामने आई। कई इलाकों में पेड़ गिरने और कच्चे मकान क्षतिग्रस्त होने की घटनाएं सामने आईं। वहीं चंदौली जिले में भी खराब मौसम के चलते दो लोगों की जान चली गई। तेज हवाओं के कारण कई इलाकों में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा और बिजली आपूर्ति भी बाधित हुई। फतेहपुर जिले में आंधी और बारिश का असर सबसे ज्यादा खागा और सदर तहसील क्षेत्र में देखने को मिला। यहां अलग-अलग हादसों में 9 लोगों की मौत हो गई, जबकि 16 लोग घायल बताए गए हैं। तेज हवाओं के कारण कई कच्चे मकान और पेड़ धराशायी हो गए। बदायूं जिले में भी मौसम का कहर देखने को मिला। यहां आंधी और बारिश से जुड़े हादसों में पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि पांच अन्य घायल हुए हैं। जिले के सिद्धपुर कैथोली गांव में कच्चे मकान की दीवार गिरने से दो नाबालिग लड़कियों की दर्दनाक मौत हो गई। इसके अलावा जिले में अन्य स्थानों पर भी हादसे हुए, जिनमें तीन और लोगों की जान चली गई। हादसों के बाद गांवों में मातम का माहौल है।
प्रयागराज में तेज आंधी के चलते कई पेड़ उखड़ गए और सड़क किनारे खड़ी गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गईं। फूलपुर इलाके में दवा लेकर घर लौट रही एक महिला और उसके छह वर्षीय बेटे की दीवार गिरने से मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना के बाद इलाके में शोक की लहर दौड़ गई। शहर के कई हिस्सों में पेड़ गिरने और बिजली लाइनें टूटने से लोगों को घंटों परेशानी का सामना करना पड़ा। आंधी-बारिश के बाद कई जिलों में प्रशासन और राहत टीमें सक्रिय रहीं। बिजली विभाग की टीमें टूटे खंभों और तारों को ठीक करने में जुटी रहीं, जबकि नगर निगम और स्थानीय प्रशासन सड़कों से गिरे पेड़ हटाने का काम करते रहे। अधिकारियों ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने, कमजोर मकानों से दूर रहने और जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकलने की अपील की है।





