
x
उद्योग सम्मेलन में कही बड़ी बात
भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को राजधानी भोपाल में आयोजित 'विकसित भारत उद्योग व्यापार सम्मेलन 2026' में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने प्रदेश में तेजी से बढ़ते औद्योगिक विकास, निवेश और रोजगार की संभावनाओं पर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि मध्य प्रदेश निवेश आकर्षित करने और निवेशकों के बीच विश्वास बनाने के मामले में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि लगभग पौने तीन वर्षों में राज्य में 12 लाख करोड़ रुपये का निवेश धरातल पर उतरा है।
निवेश के मामले में तेजी से आगे बढ़ रहा मध्य प्रदेश
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि फेडरेशन ऑफ मध्य प्रदेश चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री द्वारा उद्योग और निवेश की संभावनाओं को लेकर दो दिवसीय सम्मेलन आयोजित किया गया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट सहित निवेश से जुड़े विभिन्न कार्यक्रमों में लगातार भागीदारी कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा, "मुझे इस बात का संतोष है कि दूसरे राज्यों की तुलना में मध्य प्रदेश निवेश और निवेशकों के बीच अपनी पैठ तेजी से बना रहा है। यही कारण है कि लगभग 2.75 वर्षों में 12 लाख करोड़ रुपये का निवेश धरातल पर उतरा है।"
हालांकि, इस आंकड़े का विस्तृत परियोजनावार विवरण उनके बयान में नहीं दिया गया।
भोपाल में जुटे देश-विदेश के उद्योग प्रतिनिधि
भोपाल में 22 और 23 अक्टूबर को आयोजित इस सम्मेलन में देश के 10 से 15 राज्यों के लगभग 400 उद्यमियों और औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधियों के शामिल होने का कार्यक्रम रखा गया है। रूस, जर्मनी और ब्रिटेन सहित अन्य देशों के कारोबारी प्रतिनिधियों की भागीदारी भी प्रस्तावित है। सम्मेलन का उद्देश्य निवेश, व्यापारिक सहयोग, निर्यात और औद्योगिक विकास की नई संभावनाओं पर चर्चा करना है।
छोटे और मध्यम उद्योगों के विकास पर जोर
सम्मेलन में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (MSME) के विकास, नई तकनीकों को अपनाने, वित्तीय सुविधाओं और रोजगार सृजन जैसे विषयों पर विशेष चर्चा की जा रही है। इस दौरान 'भोपाल डिक्लेरेशन' तैयार करने का भी कार्यक्रम है। इसमें उद्योग और व्यापार संगठनों से मिले सुझावों को शामिल किया जाएगा, ताकि औद्योगिक विकास के लिए नीतिगत सिफारिशें प्रस्तुत की जा सकें।
ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट से बढ़ीं उम्मीदें
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार निवेशकों को आकर्षित करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। उद्योगों की स्थापना से रोजगार के अवसर बढ़ने और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने की उम्मीद है। सम्मेलन के दूसरे दिन पर्यटन, खाद्य प्रसंस्करण, ऊर्जा और औद्योगिक वित्त जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर चर्चा प्रस्तावित है।
Next Story





