पश्चिम बंगाल

TMC नेता कुणाल घोष का दावा: पश्चिम बंगाल में आशा कार्यकर्ताओं को सबसे ज्यादा सुविधाएं

SHIDDHANT
21 Jan 2026 10:26 PM IST
TMC नेता कुणाल घोष का दावा: पश्चिम बंगाल में आशा कार्यकर्ताओं को सबसे ज्यादा सुविधाएं
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Bangal बंगाल: तृणमूल कांग्रेस (TMC) के नेता कुणाल घोष ने बुधवार को आशा कार्यकर्ताओं की स्थिति और उनकी मांगों को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि पूरे देश में आशा कार्यकर्ताओं को सबसे ज्यादा सुविधाएं पश्चिम बंगाल से दी जाती हैं और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी उनकी मांगों पर लगातार ध्यान दे रही हैं।
कुणाल घोष ने बताया कि पश्चिम बंगाल की सरकार आशा कार्यकर्ताओं के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। उन्होंने कहा, “ममता बनर्जी आशा कार्यकर्ताओं को बहुत पसंद करती हैं। वे हमेशा उनके कल्याण और सम्मान के बारे में सोचती हैं। हमारा यह प्रयास रहता है कि हर कार्यकर्ता को उसके काम के अनुसार उचित सुविधा और समर्थन मिले।”
उन्होंने आगे बताया कि कुछ वित्तीय बाधाओं के बावजूद राज्य सरकार पूरी कोशिश कर रही है कि आशा कार्यकर्ताओं को उनकी सुविधाएं समय पर और पूरी मात्रा में मिलें। कुणाल घोष ने कहा कि “हमारे लगभग दो लाख करोड़ रुपए दिल्ली में फंसे हुए हैं। हमें केंद्र से यह राशि नहीं मिल रही है, इसलिए कुछ समय के लिए थोड़ी कठिनाई हो रही है। लेकिन ममता बनर्जी अपने कार्यकर्ताओं की भलाई के लिए हर संभव कदम उठा रही हैं।”
राज्य में आशा कार्यकर्ता स्वास्थ्य सेवाओं और ग्रामीण स्वास्थ्य केंद्रों के माध्यम से लोगों तक प्राथमिक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कुणाल घोष ने जोर देकर कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी इस सेवा को महत्व देती हैं और उनके काम और सम्मान को बढ़ाने के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रयासरत है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने आशा कार्यकर्ताओं के लिए वेतन और भत्तों में सुधार, प्रशिक्षण कार्यक्रम, स्वास्थ्य बीमा, और अतिरिक्त सुविधाओं की योजना बनाई है। इसके अलावा, कोविड-19 महामारी के दौरान आशा कार्यकर्ताओं की भूमिका और योगदान के लिए विशेष मान्यता और प्रोत्साहन भी दिया गया।
कुणाल घोष ने कहा कि केंद्र से फंसी हुई राशि मिलने के बाद आशा कार्यकर्ताओं को संपूर्ण वेतन भुगतान और अन्य सुविधाएं तुरंत प्रदान की जाएंगी। उन्होंने आशा कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे धैर्य रखें और राज्य सरकार के साथ मिलकर काम करें। उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल की सरकार ने आशा कार्यकर्ताओं की जरूरतों और उनके काम को हमेशा प्राथमिकता दी है, जो अन्य राज्यों के लिए एक उदाहरण है।
TMC नेता ने यह भी स्पष्ट किया कि आशा कार्यकर्ता राज्य और केंद्र दोनों के वित्तीय समर्थन पर निर्भर हैं, लेकिन राज्य सरकार हर परिस्थिति में उन्हें समय पर सहायता देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा, “ममता बनर्जी आप ही की मुख्यमंत्री हैं। वे आप ही के बारे में सोचती हैं। उनका हमेशा प्रयास रहता है कि आशा कार्यकर्ता सम्मानित और सशक्त बने।”
विशेषज्ञों का मानना है कि पश्चिम बंगाल में आशा कार्यकर्ताओं की स्थिति अन्य राज्यों की तुलना में बेहतर है, क्योंकि राज्य सरकार ने उनकी सुविधाओं और प्रशिक्षण कार्यक्रमों में लगातार सुधार किया है। इससे ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और स्थानीय समुदायों में स्वास्थ्य जागरूकता में भी वृद्धि हुई है।
कुणाल घोष के बयान से यह स्पष्ट होता है कि TMC और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी आशा कार्यकर्ताओं के कल्याण और उनके सम्मान को लेकर गंभीर हैं। राज्य सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि वित्तीय बाधाओं के बावजूद यह कार्यकर्ता अपने कर्तव्यों को पूरी निष्ठा के साथ निभा सकें और राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं में महत्वपूर्ण योगदान दें।
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