पश्चिम बंगाल

Bengal Elections: सुरक्षा को लेकर कोलकाता में अर्धसैनिक बलों की बड़ी बैठक

Kavita2
20 April 2026 11:12 AM IST
Bengal Elections: सुरक्षा को लेकर कोलकाता में अर्धसैनिक बलों की बड़ी बैठक
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West Bengal वेस्ट बंगाल: पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के उद्देश्य से रविवार को कोलकाता में केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के शीर्ष अधिकारियों की एक अहम और अभूतपूर्व बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में चुनावी सुरक्षा रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई, क्योंकि राज्य में मतदान 23 और 29 अप्रैल को दो चरणों में होना है।

इस महत्वपूर्ण बैठक में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF), सीमा सुरक्षा बल (BSF), केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF), सशस्त्र सीमा बल (SSB) और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) के प्रमुख शामिल हुए। सभी सुरक्षा एजेंसियों ने मिलकर चुनाव के दौरान शांतिपूर्ण और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने की रणनीति पर विचार-विमर्श किया।

यह बैठक ऐसे समय में हुई जब चुनावी माहौल पहले से ही संवेदनशील बना हुआ है। दो दिन पहले ही आयकर विभाग ने कोलकाता के रासबिहारी इलाके में तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार देबाशीष कुमार और भवानीपुर से जुड़े मिराज शाह सहित कुछ अन्य लोगों के परिसरों पर छापेमारी की थी। यह कार्रवाई राजनीतिक रूप से काफी चर्चा में रही और इसी पृष्ठभूमि में सुरक्षा समीक्षा बैठक को और भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

चुनाव आयोग के अनुसार, पहले चरण की वोटिंग 23 अप्रैल को होगी, जिसमें राज्य के 23 में से 16 जिलों की 152 विधानसभा सीटों पर मतदान कराया जाएगा। इस चरण के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए 2407 कंपनियां केंद्रीय अर्धसैनिक बलों की तैनात की जाएंगी।

अधिकारियों ने बताया कि मतदान केंद्रों पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की जाएगी। साथ ही, किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या हिंसा को रोकने के लिए रियल टाइम मॉनिटरिंग और त्वरित प्रतिक्रिया प्रणाली को सक्रिय किया जाएगा।

बैठक में इस बात पर भी जोर दिया गया कि मतदान प्रक्रिया को शांतिपूर्ण और पारदर्शी बनाए रखने के लिए सभी सुरक्षा एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है। अधिकारियों ने चुनाव के दौरान लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति पर विशेष ध्यान देने की रणनीति तैयार की।

चुनाव आयोग और सुरक्षा एजेंसियों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मतदाता बिना किसी भय या दबाव के अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें। इसके लिए संवेदनशील और अति-संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान कर विशेष सुरक्षा योजना लागू की जाएगी।

राज्य में लगातार बदलते राजनीतिक हालात और हालिया छापेमारी की घटनाओं को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं। चुनावी प्रक्रिया के दौरान किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारी की जा रही है।

इस बैठक को पश्चिम बंगाल चुनाव के लिए अब तक की सबसे महत्वपूर्ण सुरक्षा तैयारियों में से एक माना जा रहा है, जो राज्य में शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

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