
Uttarakhand उत्तराखंड : श्री बदरी-केदार मंदिर समिति ने केदारनाथ धाम में वीआईपी दर्शन व्यवस्था को लेकर नई संशोधित मानक प्रचालन विधि (SOP) जारी की है। नए नियम के तहत अब वीआईपी दर्शन के लिए 1100 रुपये की पर्ची मंदिर समिति द्वारा जारी की जाएगी।
श्री बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने यह फैसला बढ़ती श्रद्धालुओं की संख्या और स्थानीय स्तर पर मिले सुझावों को ध्यान में रखते हुए लिया है। समिति का कहना है कि इस नई व्यवस्था का उद्देश्य सामान्य श्रद्धालुओं के दर्शन पर अनावश्यक दबाव को कम करना और श्रद्धालुओं व गणमान्य व्यक्तियों के दर्शन को अधिक सुलभ और समयबद्ध बनाना है।
समिति द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि विशेष दर्शन पर्ची केवल जिला प्रशासन या मंदिर समिति को राज्य सरकार से प्राप्त प्रोटोकॉल सूचना के आधार पर ही जारी की जाएगी। इसका मतलब यह है कि बिना अधिकृत अनुमति के किसी भी व्यक्ति को वीआईपी दर्शन की सुविधा नहीं दी जाएगी।
Kedarnath Temple में हर साल देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में भीड़ प्रबंधन और सुचारू व्यवस्था बनाए रखना मंदिर प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती रहती है। इसी को देखते हुए यह नया नियम लागू किया गया है, जिससे दर्शन प्रक्रिया अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बन सके।
मंदिर समिति के मुख्य कार्याधिकारी सोहन रांगड़ ने बताया कि नई SOP के तहत वीआईपी दर्शन व्यवस्था को नियंत्रित किया जाएगा ताकि आम भक्तों को किसी तरह की असुविधा न हो। उन्होंने कहा कि मंदिर में दर्शन व्यवस्था को संतुलित बनाए रखना प्राथमिकता है और इसके लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
नई व्यवस्था में यह भी सुनिश्चित किया गया है कि भीड़ के चरम समय में वीआईपी और सामान्य श्रद्धालुओं के बीच संतुलन बना रहे, जिससे किसी को भी लंबी प्रतीक्षा का सामना न करना पड़े।
धार्मिक स्थलों पर बढ़ती भीड़ और प्रोटोकॉल आधारित यात्राओं को देखते हुए यह निर्णय महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इससे न केवल व्यवस्थाएं अधिक पारदर्शी होंगी, बल्कि श्रद्धालुओं के अनुभव में भी सुधार आने की उम्मीद है।
फिलहाल मंदिर समिति ने सभी संबंधित विभागों को नए नियमों के सख्ती से पालन के निर्देश दिए हैं, ताकि आगामी यात्रा सीजन में व्यवस्था सुचारू और प्रभावी बनी रहे।





