
देहरादून। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में त्योहारी सीजन को देखते हुए जिला प्रशासन ने यातायात व्यवस्था को लेकर बड़ा फैसला लिया है। शहर के प्रमुख पलटन बाजार सहित अन्य व्यस्त बाजारों में वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाने के निर्देश जारी किए गए हैं। पलटन बाजार में सुबह 11 बजे से शाम सात बजे तक वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। इसके अलावा व्यापारियों को सामान की लोडिंग और अनलोडिंग का कार्य सुबह 11 बजे से पहले या शाम सात बजे के बाद ही करना होगा। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान के निर्देश पर यह व्यवस्था लागू की जा रही है। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य त्योहारी खरीदारी के दौरान बाजारों में बढ़ने वाली भीड़ को नियंत्रित करना और आम लोगों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा उपलब्ध कराना है।
त्योहारी सीजन को लेकर प्रशासन ने बढ़ाई सख्ती
त्योहारों के मद्देनजर देहरादून के प्रमुख बाजारों में खरीदारी करने वालों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में बाजारों में वाहनों की आवाजाही के कारण जाम और अव्यवस्था की स्थिति पैदा होने की आशंका रहती है। इसी को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन ने यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए विशेष कदम उठाए हैं।
शुक्रवार को अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व केके मिश्रा की अध्यक्षता में उनके कार्यालय कक्ष में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इसमें पुलिस, प्रशासन, नगर निगम के अधिकारी और व्यापार मंडल के प्रतिनिधि शामिल हुए।
बैठक में बाजारों में बढ़ती भीड़, यातायात व्यवस्था, अतिक्रमण और आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि त्योहारी सीजन में लोगों को किसी तरह की परेशानी न हो और बाजारों में पैदल आवाजाही के लिए पर्याप्त जगह उपलब्ध रहे।
सुबह 11 बजे से शाम 7 बजे तक वाहनों की नो एंट्री
जिला प्रशासन ने पलटन बाजार में सुबह 11 बजे से शाम सात बजे तक वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाने का फैसला किया है। इस अवधि में बाजार के भीतर सामान्य वाहनों की आवाजाही नहीं हो सकेगी।
प्रशासन का मानना है कि दिन के समय बाजारों में खरीदारी करने वालों की संख्या अधिक रहती है। ऐसे में वाहनों के प्रवेश से पैदल चलने वाले लोगों को परेशानी होती है और दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ सकता है।
इस व्यवस्था से बाजारों में लोगों के आवागमन के लिए ज्यादा जगह मिलेगी। साथ ही दुकानदारों और ग्राहकों को भीड़भाड़ के बीच होने वाली परेशानियों से राहत मिलने की उम्मीद है।
अधिकारियों को निर्धारित समय के दौरान वाहन प्रतिबंध का प्रभावी पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए हैं।
व्यापारियों के लिए लोडिंग-अनलोडिंग का समय निर्धारित
प्रशासन ने बाजारों में माल की आपूर्ति को लेकर भी नई व्यवस्था निर्धारित की है। इसके तहत व्यापारी सुबह 11 बजे से पहले और शाम सात बजे के बाद ही सामान की लोडिंग और अनलोडिंग कर सकेंगे।
दिन के व्यस्त समय में सामान ढोने वाले वाहनों के प्रवेश से बाजारों की सड़कें और संकरी हो जाती हैं। कई बार माल उतारने के दौरान वाहन लंबे समय तक दुकानों के सामने खड़े रहते हैं, जिससे पैदल आवाजाही प्रभावित होती है।
प्रशासन ने व्यापारियों से अपील की है कि वे निर्धारित समय में ही सामान मंगवाने और उतारने की व्यवस्था करें। इससे बाजारों में खरीदारी करने आने वाले लोगों को असुविधा नहीं होगी और यातायात व्यवस्था भी सुचारू रहेगी।
अतिक्रमण करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
त्योहारी सीजन के दौरान बाजारों में अतिक्रमण की समस्या को लेकर भी प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। एडीएम केके मिश्रा ने निर्देश दिए हैं कि पलटन बाजार सहित शहर के अन्य प्रमुख बाजारों में अतिक्रमण के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जाए।
इस अभियान में जिला प्रशासन, पुलिस और नगर निगम की संयुक्त टीमें कार्रवाई करेंगी। दुकानों के बाहर रखे सामान, आवागमन बाधित करने वाली रेहड़ी-ठेलियों और अन्य अवरोधों को लेकर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि बाजारों में आने-जाने के रास्ते किसी भी स्थिति में बाधित नहीं होने चाहिए। खासकर त्योहारों के दौरान बढ़ती भीड़ को देखते हुए पर्याप्त स्थान उपलब्ध कराना जरूरी है।
दुकानदारों से प्रशासन ने की सहयोग की अपील
बैठक के दौरान व्यापार मंडल के प्रतिनिधियों से भी सहयोग करने की अपील की गई। एडीएम केके मिश्रा ने कहा कि बाजारों में व्यवस्थित यातायात और जनसुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन के साथ व्यापारियों की भागीदारी भी आवश्यक है।
उन्होंने व्यापारियों से कहा कि वे अपनी दुकानों के बाहर अनावश्यक रूप से सामान न रखें। साथ ही ग्राहकों के लिए आने-जाने के रास्तों को खुला रखने में सहयोग करें।
प्रशासन का मानना है कि दुकानदारों और अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय होने से त्योहारी सीजन के दौरान भीड़ प्रबंधन आसान होगा। इससे ग्राहकों को भी खरीदारी करने में सुविधा मिलेगी।
आपातकालीन वाहनों के लिए रास्ता रखना जरूरी
बैठक में आपातकालीन परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए बाजारों के रास्तों को अवरोधमुक्त रखने पर विशेष जोर दिया गया।
त्योहारों के दौरान अत्यधिक भीड़ होने की स्थिति में एंबुलेंस, दमकल और अन्य आपातकालीन सेवाओं के लिए रास्ता उपलब्ध रहना बेहद जरूरी होता है।
प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी अप्रिय घटना की स्थिति में राहत और बचाव से जुड़े वाहनों तथा कर्मचारियों को घटनास्थल तक पहुंचने में अनावश्यक देरी न हो।
इसके लिए संबंधित विभागों को आपसी समन्वय बनाए रखने और बाजारों में नियमित निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस और नगर निगम की टीमें करेंगी निगरानी
जिला प्रशासन ने पुलिस और नगर निगम के अधिकारियों को बाजारों में नियमित निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। जहां भी यातायात व्यवस्था प्रभावित होगी या अतिक्रमण की शिकायत मिलेगी, वहां आवश्यकता के अनुसार संयुक्त कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में उप जिलाधिकारी मुख्यालय हर्षिता सिंह, नगर मजिस्ट्रेट राकेश तिवारी, एसडीएम सदर अपूर्वा सिंह, सीओ यातायात जगदीश पंत सहित व्यापार मंडल के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
महानगर उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष पंकज मैसोन और उपाध्यक्ष हरीश विरमानी ने भी बैठक में भाग लिया।
खरीदारी करने वालों को मिलेगी राहत
जिला प्रशासन के इस फैसले से त्योहारी खरीदारी के लिए बाजारों में पहुंचने वाले लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है। विशेष रूप से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों के लिए भीड़भाड़ वाले बाजारों में पैदल चलना अधिक सुविधाजनक हो सकता है।
हालांकि, नई व्यवस्था का प्रभाव काफी हद तक इसके सही क्रियान्वयन और व्यापारियों के सहयोग पर निर्भर करेगा।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि त्योहारी सीजन में लोगों की सुरक्षा और सुगम आवागमन को प्राथमिकता दी जाएगी। अब पलटन बाजार सहित अन्य व्यस्त बाजारों में यातायात नियमों और अतिक्रमण नियंत्रण के निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने पर जोर रहेगा।





