उत्तराखंड

न पढ़ाई का दबाव न मनोरंजन से दूरी, आयुष ने टॉप किया लोअर PCS

nidhi
26 Sept 2026 8:48 AM IST
न पढ़ाई का दबाव न मनोरंजन से दूरी, आयुष ने टॉप किया लोअर PCS
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आयुष बेलवाल बने लोअर PCS टॉपर

देहरादून: प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान लगातार किताबों में डूबे रहना ही सफलता का एकमात्र रास्ता नहीं है। उत्तराखंड लोअर PCS परीक्षा में टॉप करने वाले देहरादून के आयुष बेलवाल की तैयारी का तरीका कुछ ऐसा ही संदेश देता है। उन्होंने पढ़ाई के साथ खेलकूद के लिए भी समय निकाला और खाली समय में वेब सीरीज देखकर खुद को तनाव से दूर रखा। संतुलित तैयारी के साथ उन्होंने परीक्षा में शीर्ष स्थान हासिल किया।

आयुष ने अपनी सफलता के लिए नियमित पढ़ाई, सही रणनीति और निरंतरता को महत्वपूर्ण माना। उन्होंने परीक्षा की तैयारी के दौरान अपने पूरे दिन को केवल किताबों तक सीमित नहीं रखा। पढ़ाई के निर्धारित समय के साथ शारीरिक गतिविधियों और मनोरंजन को भी अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाए रखा। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी अक्सर लंबी चलती है। ऐसे में मानसिक दबाव और थकान बड़ी चुनौती बन सकते हैं। आयुष ने इससे निपटने के लिए खेलों को समय दिया। इससे उन्हें पढ़ाई के बीच ब्रेक मिलने के साथ दोबारा एकाग्रता बनाने में मदद मिली। खाली समय में उन्होंने अपनी पसंद की वेब सीरीज भी देखीं।
पढ़ाई में निरंतरता पर दिया जोर
आयुष की तैयारी में घंटों की संख्या से ज्यादा नियमितता और विषयों को समझकर पढ़ने पर जोर रहा। परीक्षा के सिलेबस को ध्यान में रखते हुए उन्होंने अपनी रणनीति तैयार की और उसी के अनुसार अलग-अलग विषयों की तैयारी की। समय-समय पर रिवीजन भी उनकी तैयारी का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा। लोअर PCS जैसी प्रतियोगी परीक्षा में सामान्य अध्ययन के साथ उत्तराखंड से संबंधित विषयों की जानकारी भी महत्वपूर्ण होती है। ऐसे में सिलेबस के अनुरूप तैयारी और पुराने प्रश्नपत्रों को समझना अभ्यर्थियों के लिए उपयोगी साबित होता है।
सफलता के बाद परिवार में खुशी
लोअर PCS परीक्षा में आयुष बेलवाल के टॉप करने की खबर मिलते ही परिवार और परिचितों में खुशी का माहौल है। उनकी उपलब्धि के बाद उन्हें लगातार बधाइयां मिल रही हैं। देहरादून के आयुष की सफलता उन अभ्यर्थियों के लिए भी प्रेरक उदाहरण बन गई है, जो प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान पढ़ाई और निजी जिंदगी के बीच संतुलन बनाने की कोशिश कर रहे हैं। आयुष की तैयारी बताती है कि प्रतियोगी परीक्षा के दौरान मनोरंजन को पूरी तरह छोड़ देना जरूरी नहीं है। जरूरी यह है कि पढ़ाई की प्राथमिकता तय हो और मनोरंजन के कारण तैयारी प्रभावित न हो। उन्होंने खेल और वेब सीरीज के लिए समय निकाला, लेकिन अपनी पढ़ाई में निरंतरता बनाए रखी।
युवाओं के लिए संतुलित तैयारी का संदेश
प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले कई अभ्यर्थी लंबे समय तक पढ़ाई के कारण मानसिक थकान महसूस करते हैं। ऐसे में पर्याप्त नींद, शारीरिक गतिविधि और सीमित मनोरंजन तैयारी को लंबे समय तक जारी रखने में मदद कर सकते हैं। आयुष बेलवाल की सफलता में भी यही संतुलन देखने को मिला। पढ़ाई को प्राथमिकता देते हुए उन्होंने स्पोर्ट्स और मनोरंजन के लिए भी समय रखा और आखिरकार लोअर PCS परीक्षा में टॉप कर अपनी मेहनत को सफलता में बदल दिया।
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