
x
Uttarkashi उत्तरकाशी: भारी बर्फबारी ने पहाड़ी इलाकों को सफेद चादर से ढक दिया, लेकिन इससे कई मुख्य राजमार्ग और ग्रामीण मार्ग अवरुद्ध हो गए। शुक्रवार को हुई तेज बर्फबारी के कारण ऊंचाई वाले क्षेत्रों में यातायात ठप पड़ गया, जिससे सैकड़ों वाहन और पर्यटक फंस गए। जिला प्रशासन ने तुरंत युद्धस्तर पर राहत और मार्ग बहाली का अभियान शुरू कर दिया, जिससे अब तक बड़ी संख्या में लोग और वाहन सुरक्षित निकाले जा चुके हैं।
जिलाधिकारी प्रशांत आर्य के निर्देशन में लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी), सीमा सड़क संगठन (बीआरओ), आपदा प्रबंधन टीम, एसडीआरएफ और अन्य विभागों की टीमें 24x7 सक्रिय हैं। जेसीबी, स्नो-कटर, बुलडोजर और अन्य मशीनरी का इस्तेमाल कर बर्फ हटाने का काम तेजी से चल रहा है। प्रशासन ने सुनिश्चित किया है कि फंसे हुए लोगों को तत्काल सुरक्षा, गर्म भोजन, पेयजल, कंबल और प्राथमिक चिकित्सा जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
उत्तरकाशी–चौरंगी मार्ग को पूरी तरह यातायात योग्य बना दिया गया है, जिससे इस क्षेत्र में आवागमन बहाल हो गया। हर्षिल घाटी के बागोरी क्षेत्र और झल्ला पुल के आसपास बर्फ हटाने का कार्य अभी भी जारी है। उत्तरकाशी–लंबगांव मार्ग पर चौरंगी खाल इलाके में 14 लोगों को जेसीबी की मदद से सुरक्षित निकाला गया, जिसमें 8 बच्चे और महिलाएं शामिल थे।
बनचौरा-दिवारी खोल और पत्थर खोल मार्ग पर तीन लोगों को वन विभाग की चौकी तक पहुंचाया गया। पुरोला-मोरी मार्ग पर 20-30 पर्यटकों और स्थानीय निवासियों की गाड़ियां फंसी थीं, जिन्हें प्रशासन ने सुरक्षित बाहर निकाल लिया। गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर चिन्यालीसौड़ से आगे मलवा और पत्थर गिरने से अवरोध हुआ, लेकिन बीआरओ और प्रशासन की संयुक्त टीम ने सभी वाहनों को निकाल लिया।
उत्तराखंड में इस साल जनवरी के अंत में पहली बार भारी बर्फबारी हुई, जो लंबे समय से चली आ रही शुष्क अवधि के बाद आई। उच्च पर्वतीय क्षेत्रों जैसे हर्षिल, गंगोत्री और यमुनोत्री में 3 इंच से अधिक बर्फ जमा हुई। इससे पर्यटकों को बर्फीले नजारे देखने का मौका मिला, लेकिन साथ ही सड़कें बंद हो गईं और बिजली-पानी की समस्या भी उत्पन्न हुई। राज्य स्तर पर भी 20 से अधिक छोटे-बड़े मार्ग प्रभावित हुए, जिन्हें खोलने का प्रयास जारी है।
जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने आमजन और पर्यटकों से अपील की है कि मौसम पूरी तरह सामान्य होने तक पहाड़ी, फिसलन भरे और संकरे मार्गों पर अनावश्यक यात्रा न करें। वे सतर्क रहें, मौसम विभाग की चेतावनी का पालन करें और आपात स्थिति में तुरंत जिला आपदा नियंत्रण कक्ष से संपर्क करें।
Tagsउत्तरकाशीउत्तराखंडबर्फबारीपहाड़ी मार्गयातायात अवरुद्धप्रशासनराहत अभियानपर्यटक सुरक्षापीडब्ल्यूडीबीआरओएसडीआरएफहर्षिलगंगोत्रीलंबगांवचौरंगीबनचौरादिवारी खोलजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारहिंन्दी समाचारजनताJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperjantasamachar newssamacharHindi news
Next Story





