उत्तराखंड

Haridwar: त्याग और तपस्या से ही युवा बन सकते हैं विराट वृक्ष: योगेन्द्र

Admindelhi1
14 Oct 2025 10:18 AM IST
Haridwar: त्याग और तपस्या से ही युवा बन सकते हैं विराट वृक्ष: योगेन्द्र
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हरिद्वार: शांतिकुंज में आयोजित दो दिवसीय युवा जागरण शिविर का समापन सोमवार को हुआ। शिविर में दिल्ली, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, बिहार आदि प्रांतों से आए यूपीएससी की तैयारी में जुटे युवाओं, प्रशासन में उच्च श्रेणी के अधिकारी, वरिष्ठ वकील एवं विद्वान शामिल रहे। शिविर का उद्देश्य युवाओं में व्यक्तित्व विकास, नैतिक मूल्यों की स्थापना तथा राष्ट्र निर्माण हेतु जागरूकता उत्पन्न करना था।

शिविर के दौरान प्रतिभागियों ने संस्था की अधिष्ठात्री शैलदीदी से भेंट की और विविध विषयों पर मार्गदर्शन पाया। शैलदीदी ने युवाओं से आत्मबल के साथ जीवन में आगे बढने का संदेश दिया। इस अवसर पर शांतिकुंज व्यवस्थापक योगेन्द्र गिरि ने कहा कि आगामी वर्ष माता भगवती देवी शर्मा की जन्मशताब्दी एवं सिद्ध अखण्ड दीपक के शताब्दी वर्ष के रूप में मनाया जाएगा। युवाओं को इसमें सक्रिय भागीदारी के लिए अभी से तैयार हो जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि परिवार, समाज व राष्ट्र के विकास के लिए बीज की तरह गलें और विराट वृक्ष की तरह बनने की दिशा में कार्य करें।

इससे पूर्व शिविर में लोकसेवियों के लिए दिशाबोध विषय पर संबोधित करते हुए युवा प्रकोष्ठ समन्वयक केपी दुबे ने कहा कि शांतिकुंज के वैचारिक क्रांति में सहयोगी बनें और अपने क्रिया, विचार और भावनाओं को पोषित करते रहें। प्रो. प्रमोद भटनागर, अशरण शरण श्रीवास्तव, आशीष सिंह, गोपाल शर्मा आदि ने भी युवाओं को जीवन में सकारात्मक परिवर्तन हेतु अपने अपने विचार रखें।

इस अवसर पर पटना हाईकोर्ट की वरिष्ठ अधिवक्ता प्रीति आनंद गुप्ता ने अपने जीवन के अनुभव साझा किए। बताया कि गायत्री परिवार से जुडने के बाद उनके जीवन में सकारात्मक व क्रांतिकारी परिवर्तन आया। इसी प्रकार मनीष कुमार, विनय पाण्डेय, डॉ नीरज शर्मा आदि ने भी अपने प्रेरणादायक अनुभव सुनाए।

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