
Uttarakhand उत्तराखंड : राजधानी देहरादून और उत्तर प्रदेश के औद्योगिक शहर नोएडा के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। बुधवार से जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से देहरादून के जौलीग्रांट एयरपोर्ट के बीच सीधी हवाई सेवा की शुरुआत हो गई है। इस नई सुविधा से दोनों शहरों के बीच यात्रा का समय कम होगा और यात्रियों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।
देहरादून एयरपोर्ट के निदेशक भूपेश सीएस नेगी के अनुसार, बुधवार को इंडिगो एयरलाइंस का 32 सीटर विमान नोएडा एयरपोर्ट से उड़ान भरकर रात 8:18 बजे देहरादून एयरपोर्ट पहुंचा। इस पहली उड़ान में नोएडा से 25 यात्री देहरादून पहुंचे, जिससे इस नई सेवा को सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है।
वहीं, वापसी यात्रा के दौरान देहरादून एयरपोर्ट से रात 8:47 बजे विमान ने नोएडा के लिए उड़ान भरी। इस फ्लाइट में देहरादून से नोएडा जाने वाले यात्रियों की संख्या 8 रही। शुरुआती दिन यात्रियों की संख्या कम रही, लेकिन अधिकारियों को उम्मीद है कि आने वाले समय में इस रूट पर यात्री संख्या में बढ़ोतरी होगी।
इस सीधी हवाई सेवा की शुरुआत को क्षेत्रीय कनेक्टिविटी के लिहाज से महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे न केवल पर्यटकों को सुविधा मिलेगी बल्कि व्यापारिक और प्रशासनिक यात्राओं में भी तेजी आएगी। देहरादून और नोएडा दोनों ही शहरों में लगातार बढ़ते आवागमन को देखते हुए इस रूट की मांग लंबे समय से की जा रही थी।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह सेवा उत्तराखंड में पर्यटन को बढ़ावा देने में भी मददगार साबित होगी। देहरादून और आसपास के हिल स्टेशनों की ओर जाने वाले पर्यटकों को अब नोएडा से सीधे उड़ान का विकल्प मिल गया है, जिससे सड़क मार्ग पर लगने वाला समय काफी हद तक कम हो जाएगा।
एयरपोर्ट प्रशासन ने बताया कि इस रूट पर यात्रियों की मांग के अनुसार भविष्य में उड़ानों की संख्या बढ़ाने पर भी विचार किया जा सकता है। शुरुआती परिचालन को सफल मानते हुए इसे क्षेत्रीय विमानन नेटवर्क के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण शुरुआत माना जा रहा है।
स्थानीय यात्रियों और व्यवसायियों ने इस नई सेवा का स्वागत किया है। उनका कहना है कि इससे समय की बचत होगी और यात्रा अधिक आरामदायक हो जाएगी। खासकर उन लोगों के लिए यह सुविधा उपयोगी है जो नियमित रूप से दिल्ली-एनसीआर और उत्तराखंड के बीच यात्रा करते हैं।
फिलहाल, एयरलाइंस और एयरपोर्ट प्रबंधन इस रूट की संचालन स्थिति पर नजर रखे हुए हैं और यात्रियों की प्रतिक्रिया के आधार पर आगे की योजना तैयार की जाएगी।





