
Uttarakhand उत्तराखंड : केदारनाथ धाम में वीआईपी और अतिविशिष्ट अतिथियों के आवास तथा भोजन व्यवस्था पर मंदिर समिति द्वारा किए गए खर्च को लेकर बड़ा मामला सामने आया है। इस मामले के उजागर होने के बाद प्रशासनिक स्तर पर जांच शुरू कर दी गई है।
श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) ने पूरे प्रकरण की विभागीय जांच के आदेश दिए हैं। समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी के निर्देश पर चार सदस्यीय जांच समिति का गठन किया गया है, जिसे तीन सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है।
जानकारी के अनुसार, यह मामला हाल ही में इंटरनेट मीडिया पर एक पत्र सार्वजनिक होने के बाद सामने आया। इस पत्र में केदारनाथ धाम में वीआईपी मेहमानों, सुरक्षा ड्यूटी में तैनात पुलिस अधिकारियों और जवानों की आवास व्यवस्था पर हुए खर्च के भुगतान से जुड़ी जानकारी शामिल थी।
पत्र के अनुसार, इस व्यवस्था पर लगभग छह लाख रुपये की अतिरिक्त धनराशि स्वीकृत किए जाने का उल्लेख सामने आया है, जिसके बाद इस खर्च को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
उत्तराखंड में स्थित केदारनाथ धाम हर साल लाखों श्रद्धालुओं के आगमन का केंद्र रहता है। ऐसे में यहां व्यवस्थाओं के संचालन और खर्च को लेकर पारदर्शिता बनाए रखना प्रशासन के लिए एक महत्वपूर्ण विषय माना जाता है।
मामले के सामने आने के बाद मंदिर समिति ने स्पष्ट किया है कि सभी वित्तीय लेनदेन और व्यवस्थाओं की जांच की जाएगी, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि किसी भी प्रकार की अनियमितता न हो।
समिति के अधिकारियों के अनुसार, जांच समिति यह भी देखेगी कि वीआईपी व्यवस्था के तहत हुए खर्च का स्वीकृति प्रक्रिया के अनुसार पालन किया गया या नहीं, और इसमें किसी प्रकार की प्रशासनिक चूक तो नहीं हुई।
फिलहाल इस मामले को लेकर प्रशासनिक स्तर पर सतर्कता बढ़ा दी गई है और संबंधित दस्तावेजों की समीक्षा की जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।





