उत्तर प्रदेश

Delhi मेरठ हाईवे पर पानी ही पानी, यात्री परेशान

Ratna Netam
9 July 2026 2:15 PM IST
Delhi   मेरठ हाईवे पर पानी ही पानी, यात्री परेशान
x

Meerut मेरठ : लगातार हो रही बारिश ने दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे और नेशनल हाईवे-9 की जल निकासी व्यवस्था की पोल खोल दी है। तेज बारिश के बाद एक्सप्रेसवे के कई हिस्सों में पानी भर गया, जिसके कारण वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। तेज रफ्तार के लिए बनाए गए इस आधुनिक हाईवे पर वाहन रेंगते नजर आए और कई स्थानों पर लंबा जाम लग गया।

गाजियाबाद क्षेत्र में आने वाले दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे और एनएच-9 के कई हिस्सों में बारिश का पानी जमा हो गया। आमतौर पर ऊंचाई पर बने इन हाईवे को जलभराव से मुक्त माना जाता है, लेकिन लगातार बारिश के बाद यहां भी पानी भरने से सड़क निर्माण और जल निकासी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं।

करोड़ों रुपये की लागत से तैयार किए गए इस एक्सप्रेसवे पर हर बारिश के दौरान सामने आने वाली जलभराव की समस्या अब यात्रियों के लिए चिंता का कारण बनती जा रही है। वाहन चालकों का कहना है कि बारिश के समय एक्सप्रेसवे पर पानी जमा होने से सफर जोखिम भरा हो जाता है। कई जगहों पर वाहन चालकों को धीमी गति से गुजरना पड़ता है, जिससे यातायात प्रभावित होता है।

जानकारों के अनुसार, जलभराव की मुख्य वजह हाईवे का ड्रेनेज सिस्टम प्रभावी तरीके से काम नहीं करना है। सड़क से पानी निकालने के लिए लगाए गए डाउन-टेक पाइप कई जगहों पर जाम होने की बात सामने आ रही है। इसके कारण बारिश का पानी तेजी से नीचे नहीं उतर पाता और एक्सप्रेसवे की मुख्य सड़क पर जमा हो जाता है।

इसके अलावा विजय नगर, इंदिरापुरम और खोड़ा जैसे आसपास के क्षेत्रों का स्थानीय ड्रेनेज सिस्टम भी पहले से दबाव में रहता है। ऐसे में हाईवे का अतिरिक्त पानी भी आसानी से बाहर नहीं निकल पाता, जिससे एक्सप्रेसवे पर जलभराव की स्थिति बन जाती है।

विशेषज्ञों ने बारिश के दौरान हाईवे पर जमा पानी को लेकर वाहन चालकों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। उनका कहना है कि तेज रफ्तार से पानी भरी सड़क से गुजरने पर हाइड्रोप्लेनिंग की स्थिति पैदा हो सकती है। इसमें वाहन के टायर सड़क की सतह से संपर्क खो सकते हैं और चालक का वाहन पर नियंत्रण कम हो सकता है। इससे दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है।

विजय नगर बाईपास और काला पत्थर कट के आसपास जलभराव की स्थिति सबसे ज्यादा गंभीर बताई जा रही है। इन इलाकों से गुजरने वाले यात्रियों का कहना है कि बारिश के दौरान यहां से निकलना काफी मुश्किल हो जाता है। पानी जमा होने के कारण यातायात की गति कम हो जाती है और कई बार जाम की स्थिति बन जाती है।

स्थानीय लोगों और नियमित यात्रियों ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) और संबंधित विभागों से जल निकासी व्यवस्था को जल्द दुरुस्त करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि एक्सप्रेसवे जैसी महत्वपूर्ण सड़क पर बार-बार जलभराव होना गंभीर समस्या है और इसका स्थायी समाधान निकाला जाना चाहिए।

यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए अब जरूरी हो गया है कि ड्रेनेज सिस्टम की नियमित जांच और सफाई की जाए, ताकि भविष्य में भारी बारिश के दौरान एक्सप्रेसवे पर यातायात बाधित न हो और दुर्घटनाओं की आशंका को कम किया जा सके।

Next Story