उत्तर प्रदेश

यूपी मुहर्रम हादसा: करंट लगने से 7 लोग हुए शिकार, घायलों की हालत गंभीर

Saba Naaz
26 Jun 2026 9:16 PM IST
यूपी मुहर्रम हादसा: करंट लगने से 7 लोग हुए शिकार, घायलों की हालत गंभीर
x

एटा। उत्तर प्रदेश के एटा जिले से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। यहाँ अलीगंज क्षेत्र में मुहर्रम के पवित्र मौके पर निकाला जा रहा ताजिया जुलूस अचानक मातम में बदल गया। जुलूस के दौरान ताजिया ऊपर से गुजर रही एक हाईटेंशन बिजली की लाइन से टकरा गया, जिससे पूरे ताजिए में तेज करंट दौड़ गया। इस भीषण हादसे की चपेट में आने से जुलूस में शामिल कई लोग बुरी तरह झुलस गए। आनन-फानन में सभी घायलों को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने एक 22 वर्षीय युवक को मृत घोषित कर दिया, जबकि छह अन्य घायलों का इलाज अभी जारी है।

कैसे हुआ यह दर्दनाक हादसा?

स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों और प्रारंभिक जांच के अनुसार, यह हादसा अलीगंज क्षेत्र के एक चौराहे के पास हुआ। बताया जा रहा है कि इस वर्ष बनाए गए ताजिए की ऊंचाई सामान्य से थोड़ी अधिक थी। जिस स्थान पर यह घटना घटी, वहाँ बिजली का एक पोल पहले से ही थोड़ा झुका हुआ था। जुलूस आगे बढ़ते समय संतुलन बिगड़ने के कारण ताजिया एक तरफ हल्का सा झुक गया। इसी दौरान ताजिए पर सुरक्षा या सजावट के लिए लगाई गई लोहे की पट्टी ऊपर से गुजर रहे हाईटेंशन बिजली के तारों को छू गई। तार छूते ही ताजिए में भयंकर करंट उतर आया। उस समय ताजिए को थामे हुए और उसके आसपास चल रहे लोग सीधे करंट की चपेट में आ गए। करंट लगते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई और पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया।

हादसे के बाद फूटा लोगों का गुस्सा, पुलिस ने संभाला मोर्चा

घटना की जानकारी मिलते ही तुरंत उस क्षेत्र की बिजली लाइन को काट दिया गया, लेकिन तब तक हादसा हो चुका था। इस भीषण लापरवाही और हादसे को देखकर मौके पर मौजूद बड़ी संख्या में लोग आक्रोशित हो गए। स्थानीय लोगों ने बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नाराजगी जताई। घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए भारी संख्या में पुलिस बल और प्रशासन के आला अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने आक्रोशित लोगों को समझा-बुझाकर मामले को शांत कराया और कानून व्यवस्था को बिगड़ने से बचाया। पुलिस ने मृतक के शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।

प्रशासन की लापरवाही पर उठे गंभीर सवाल

इस दर्दनाक हादसे के बाद स्थानीय प्रशासन और बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि हर साल मुहर्रम के जुलूस के दौरान सुरक्षा के लिहाज से रूट की बिजली आपूर्ति बंद रखी जाती थी, लेकिन इस बार ऐसा नहीं किया गया। इसके अलावा, झुके हुए बिजली के पोल की मरम्मत समय रहते न करना भी बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही को दर्शाता है। फिलहाल प्रशासनिक अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर राहत कार्य की निगरानी की है और मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं।

ताजिए बनाने का शौक खींच लाया था सैफ को एटा

इस हादसे में जान गंवाने वाले 22 वर्षीय युवक की पहचान सैफ के रूप में हुई है। सैफ मूल रूप से अलीगंज का ही रहने वाला था, लेकिन पिछले कुछ समय से वह कानपुर में अपने मामा के घर रहकर बाइक मिस्त्री का काम सीख रहा था और वहीं रहता था। सैफ को बचपन से ही ताजिए बनाने का बहुत शौक था और वह बेहद खूबसूरत ताजिए बनाता था। इसी कला के कारण अलीगंज के उसके साथी युवकों ने फोन करके उसे मुहर्रम के लिए विशेष रूप से आमंत्रित किया था। सैफ भी मुहर्रम को लेकर बेहद उत्साहित था और करीब आठ दिन पहले ही कानपुर से एटा आया था। आते ही वह दिन-रात ताजिए के निर्माण कार्य में जुट गया था। किसी को अंदाजा नहीं था कि जिस ताजिए को सैफ ने इतनी मोहब्बत और शिद्दत से तैयार किया था, वही उसकी मौत का कारण बन जाएगा। सैफ की असमय मौत से उसके परिवार और पूरे अलीगंज क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।

Next Story