हरियाणा

कछुआ तस्करी का खुलासा बाइक सवार फरार

Kavita2
3 Sept 2026 1:52 PM IST
कछुआ तस्करी का खुलासा बाइक सवार फरार
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गांधीनगर। दुर्लभ प्रजाति के कछुओं की तस्करी का एक बड़ा मामला सामने आया है। पुलिस ने गांधी नगर थाना क्षेत्र के पास से 32 कछुओं को बरामद किया है। बरामद कछुओं में 22 इंडियन स्टार टॉर्टोइज और 10 ब्लैक पॉन्ड टर्टल शामिल हैं। पुलिस की कार्रवाई के दौरान तस्करी में शामिल युवक मौके से फरार हो गया।

जानकारी के अनुसार, एक सितंबर की रात करीब 10:30 बजे थाना गांधीनगर के पास पुलिस टीम गश्त कर रही थी। इसी दौरान पुलिस को संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिली। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की तो वहां एक बैग मिला।

बताया जा रहा है कि बाइक सवार एक युवक बैग छोड़कर मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने जब बैग की तलाशी ली तो उसमें बड़ी संख्या में कछुए मिले। इसके बाद वन विभाग और संबंधित अधिकारियों को मामले की जानकारी दी गई।

जांच में पता चला कि बैग में कुल 32 कछुए थे। इनमें 22 इंडियन स्टार टॉर्टोइज और 10 ब्लैक पॉन्ड टर्टल शामिल हैं। दोनों ही प्रजातियों के कछुओं को वन्य जीव संरक्षण कानून के तहत संरक्षित माना जाता है।

पुलिस के अनुसार, बरामद कछुओं को अवैध तरीके से ले जाया जा रहा था। आशंका जताई जा रही है कि इन्हें तस्करी के उद्देश्य से कहीं पहुंचाया जाना था। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुट गई है।

मामले में पुलिस ने आरोपित की पहचान आनंद मार्केट निवासी आयुष सैनी के रूप में की है। उसके खिलाफ वन्य जीव संरक्षण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपित की तलाश की जा रही है। साथ ही यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि वह कछुओं को कहां से लेकर आया था और इन्हें कहां पहुंचाने की योजना थी।

वन्य जीव विशेषज्ञों के अनुसार, इंडियन स्टार टॉर्टोइज की अवैध तस्करी देश में लंबे समय से चिंता का विषय रही है। इन कछुओं की मांग कुछ अवैध बाजारों में अधिक होने के कारण तस्कर इन्हें पकड़कर बेचने की कोशिश करते हैं।

इंडियन स्टार टॉर्टोइज को वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत सुरक्षा प्राप्त है। इन्हें पकड़ना, रखना या व्यापार करना कानूनन अपराध है। इसी तरह ब्लैक पॉन्ड टर्टल भी संरक्षित प्रजातियों में शामिल हैं।

पुलिस की इस कार्रवाई को वन्य जीव संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि अवैध वन्य जीव व्यापार से जुड़े लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

घटना के बाद बरामद कछुओं की स्वास्थ्य जांच भी कराई जा सकती है। इसके बाद वन विभाग की निगरानी में उन्हें सुरक्षित स्थान पर छोड़े जाने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

स्थानीय लोगों के अनुसार, रात के समय पुलिस की गश्त के दौरान यह मामला सामने आया। यदि समय पर कार्रवाई नहीं होती तो बड़ी संख्या में दुर्लभ कछुए अवैध कारोबारियों के हाथों में पहुंच सकते थे।

पुलिस अब मामले की गहराई से जांच कर रही है। जांच के दौरान आरोपित से जुड़े अन्य लोगों और संभावित तस्करी नेटवर्क की जानकारी जुटाई जाएगी।

वन्य जीवों की तस्करी रोकने के लिए पुलिस और वन विभाग लगातार अभियान चला रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि ऐसे मामलों में आम लोगों की जागरूकता भी बेहद जरूरी है। यदि किसी को वन्य जीवों की अवैध खरीद-फरोख्त या तस्करी की जानकारी मिलती है तो तुरंत संबंधित विभाग को सूचना देनी चाहिए।

दुर्लभ कछुओं की तस्करी का यह मामला एक बार फिर वन्य जीवों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। संरक्षित प्रजातियों को बचाने के लिए कानून होने के बावजूद तस्कर लगातार सक्रिय रहते हैं।

फिलहाल पुलिस ने कछुओं को बरामद कर लिया है और आरोपित की तलाश जारी है। जांच आगे बढ़ने के बाद इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों का भी खुलासा हो सकता है।

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