उत्तर प्रदेश

खरगे की सभा के बाद रामलीला मैदान शुद्धीकरण विवाद

Kavita2
9 Sept 2026 9:17 AM IST
खरगे की सभा के बाद रामलीला मैदान शुद्धीकरण विवाद
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हल्द्वानी। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की हल्द्वानी में हुई सभा के बाद रामलीला मैदान में किए गए कथित शुद्धीकरण को लेकर उत्तराखंड में सियासी हलचल तेज हो गई है। मामले में लगातार विरोध और शिकायतों के बाद पुलिस ने आखिरकार अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने यह कार्रवाई 80 से अधिक शिकायतें मिलने के बाद की है।

शुद्धीकरण की घटना के विरोध में कांग्रेस नेताओं और दलित समाज के प्रतिनिधियों ने प्रदेशभर में प्रदर्शन किए। विभिन्न थानों में शिकायतें देकर कार्रवाई की मांग की गई थी। अब हल्द्वानी में महिला अधिवक्ता अंजू की तहरीर के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

रामलीला मैदान शुद्धीकरण को लेकर विवाद

मामला हल्द्वानी के रामलीला मैदान से जुड़ा है, जहां कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की सभा आयोजित की गई थी। सभा के बाद कुछ लोगों द्वारा कथित रूप से मैदान का शुद्धीकरण किए जाने की बात सामने आई थी।

इस घटना के बाद कांग्रेस और दलित संगठनों ने कड़ी आपत्ति जताई। नेताओं का आरोप था कि यह कदम सामाजिक भेदभाव को बढ़ावा देने वाला है और इससे लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं। इसके बाद प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए।

थानों में पहुंचीं 80 से ज्यादा शिकायतें

विवाद बढ़ने के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं और दलित समाज के प्रतिनिधियों ने अलग-अलग जिलों के थानों में शिकायतें दर्ज कराईं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस मामले में 80 से अधिक तहरीरें प्राप्त हुई हैं।

शिकायतकर्ताओं ने कथित शुद्धीकरण की घटना में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। लगातार बढ़ते दबाव के बाद पुलिस ने अब मामले में कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

महिला अधिवक्ता की शिकायत पर केस दर्ज

हल्द्वानी पुलिस ने महिला अधिवक्ता अंजू की शिकायत के आधार पर अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और घटना से जुड़े तथ्यों को जुटाया जा रहा है।

एसपी सिटी मनोज कत्याल ने बताया कि मामले में कई शिकायतें मिली हैं। उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति द्वारा एक ही शिकायत कई अधिकारियों को ईमेल के माध्यम से भी भेजी गई है। पुलिस सभी शिकायतों को देखते हुए आगे की कार्रवाई कर रही है।

कांग्रेस ने जताया विरोध

मामले को लेकर कांग्रेस नेताओं ने भाजपा सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस का कहना है कि इस तरह की घटनाएं समाज में गलत संदेश देती हैं और संविधान की भावना के खिलाफ हैं।

कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने प्रदेश के कई हिस्सों में प्रदर्शन कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उनका कहना है कि सार्वजनिक स्थान पर इस तरह का व्यवहार सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करता है।

दलित संगठनों ने भी उठाई आवाज

दलित समाज के प्रतिनिधियों ने भी इस मामले में नाराजगी जताई है। संगठनों का कहना है कि इस घटना से समाज के एक बड़े वर्ग की भावनाएं आहत हुई हैं।

उन्होंने पुलिस से निष्पक्ष जांच कर दोषियों की पहचान करने और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। कई जगहों पर ज्ञापन देकर भी विरोध दर्ज कराया गया।

पुलिस कर रही जांच

मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस अब पूरे मामले की जांच में जुट गई है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कथित शुद्धीकरण कार्यक्रम में कौन-कौन लोग शामिल थे और घटना के पीछे क्या उद्देश्य था।

इसके लिए वीडियो फुटेज, सोशल मीडिया पर उपलब्ध सामग्री और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा सकती है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

राजनीतिक विवाद बढ़ने के संकेत

मल्लिकार्जुन खरगे की सभा और उसके बाद हुए घटनाक्रम ने उत्तराखंड की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। विपक्ष इस मुद्दे को लेकर सरकार को घेर रहा है, वहीं प्रशासन पूरे मामले को कानून के अनुसार सुलझाने की बात कह रहा है।

फिलहाल पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। अब जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि घटना में कौन लोग शामिल थे और उनके खिलाफ आगे किस तरह की कार्रवाई की जाएगी।

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