उत्तर प्रदेश

युवाओं को वैश्विक रोजगार से जोड़ने की तैयारी, ITI बनेंगे ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’

Kavita2
26 May 2026 2:04 PM IST
युवाओं को वैश्विक रोजगार से जोड़ने की तैयारी, ITI बनेंगे ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’
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Uttar Pradesh उत्तर प्रदेश: प्रदेश सरकार ने युवाओं को आधुनिक तकनीक और वैश्विक रोजगार के अवसरों से जोड़ने के लिए कौशल विकास और तकनीकी शिक्षा प्रणाली को नई दिशा देने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके तहत औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (ITI) को हाईटेक ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ के रूप में विकसित करने की योजना पर काम किया जा रहा है।

सरकार का उद्देश्य युवाओं को केवल डिग्री तक सीमित न रखकर उन्हें इंडस्ट्री की जरूरतों के अनुसार प्रशिक्षित करना है, ताकि वे देश और विदेश की कंपनियों के लिए पूरी तरह ‘इंडस्ट्री रेडी’ प्रोफेशनल बन सकें। इस नई रणनीति के तहत रोजगार आधारित प्रशिक्षण मॉडल तैयार किया जा रहा है, जिसमें आधुनिक तकनीक और वैश्विक मानकों को शामिल किया जाएगा।

कौशल विकास एवं व्यावसायिक शिक्षा मंत्री कपिल देव अग्रवाल की अध्यक्षता में इस संबंध में एक उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में टाटा टेक्नोलॉजीज और डेलॉयट ने अपनी विस्तृत योजनाओं का प्रस्तुतीकरण दिया और तकनीकी शिक्षा को उद्योग से जोड़ने के तरीकों पर चर्चा की गई।

बैठक में यह भी विचार किया गया कि आईटीआई संस्थानों को नए जमाने की तकनीकों जैसे ऑटोमेशन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल मैन्युफैक्चरिंग और अन्य उभरते क्षेत्रों के अनुरूप अपग्रेड किया जाए। इससे युवाओं को भविष्य की नौकरियों के लिए बेहतर तरीके से तैयार किया जा सकेगा।

अधिकारियों के अनुसार, इस पहल का उद्देश्य राज्य में रोजगार क्षमता को बढ़ाना और युवाओं को बेहतर करियर अवसर उपलब्ध कराना है। इसके लिए प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों को उद्योग की आवश्यकताओं के अनुसार अपडेट किया जाएगा और प्रैक्टिकल ट्रेनिंग पर अधिक जोर दिया जाएगा।

सरकार का मानना है कि इस मॉडल से न केवल स्थानीय युवाओं को फायदा होगा, बल्कि राज्य को एक स्किल्ड वर्कफोर्स हब के रूप में भी पहचान मिलेगी। इससे देश और विदेश की कंपनियों के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और आर्थिक विकास को भी गति मिलेगी।

कुल मिलाकर, यह पहल तकनीकी शिक्षा और कौशल विकास के क्षेत्र में एक बड़ा बदलाव लाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

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