उत्तर प्रदेश

अयोध्या दीपोत्सव 2025 की तैयारियां जोरों पर, UP सरकार ने अधिकारियों की बनाई टीम

SHIDDHANT
27 Aug 2025 11:12 PM IST
सांकेतिक तस्वीर (AI)
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सांकेतिक तस्वीर (AI) 

UP उत्तर प्रदेश: रामनगरी अयोध्या में दीपोत्सव 2025 की तैयारियां जोरशोर से चल रही हैं। उत्तर प्रदेश सरकार ने इस भव्य आयोजन के समन्वय और निगरानी के लिए अधिकारियों की टीम गठित की है। सूचना एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा जारी आदेश में अरविंद कुमार मिश्रा और डॉ. जितेंद्र प्रताप सिंह को दीपोत्सव के नोडल अधिकारी नामित किया गया है।ये दोनों अधिकारी आयोजन से जुड़े सभी कार्यक्रमों, व्यवस्थाओं और मीडिया समन्वय की जिम्मेदारी संभालेंगे। सूचना निदेशक विशाल सिंह ने इस आदेश को जारी किया है। दीपोत्सव 2025 प्रांतीयकृत स्तर पर 19 अक्टूबर को अयोध्या में आयोजित किया जाएगा।बता दें कि पिछले साल 2024 में अयोध्या में राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के बाद पहली बार दीपोत्सव का आयोजन हुआ था। इस दौरान 25 लाख 12 हजार 585 दीयों को जलाकर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया गया। साथ ही 1,121 लोगों ने एक साथ सरयू आरती कर नया रिकॉर्ड स्थापित किया।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दीपोत्सव का शुभारंभ पहला दीया जलाकर किया था। सरयू घाट पर लेजर और लाइट शो का आयोजन किया गया, जिसमें दीयों और रंग-बिरंगी रोशनी से घाट जगमगाया। साउंड-लाइट शो के माध्यम से रामलीला का वर्णन भी किया गया। पहली बार 1,121 वेदाचार्यों ने एक साथ सरयू मैया की आरती की थी।इस वर्ष दीपोत्सव 2025 के आयोजन के लिए विशेष सुरक्षा और व्यवस्थाओं की तैयारी भी शुरू हो गई है। आयोजकों ने सुनिश्चित किया है कि श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए यात्रा और दर्शन सुविधा में कोई कठिनाई न हो।इस भव्य आयोजन का उद्देश्य धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यटन दृष्टि से अयोध्या को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना है। प्रशासन का कहना है कि दीपोत्सव 2025 पिछले वर्ष की भव्यता और सफलता को और बढ़ाएगा और श्रद्धालुओं को एक यादगार अनुभव प्रदान करेगा।

दीपोत्सव के दौरान अयोध्या का हर कोना दीयों, रोशनी और रंग-बिरंगे सजावट से जगमगाएगा। मीडिया और पर्यटकों के समन्वय के लिए नोडल अधिकारियों की टीम लगातार समीक्षा करती रहेगी और आयोजन के सभी पहलुओं की निगरानी करेगी। इस प्रकार, अयोध्या दीपोत्सव 2025 धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक दृष्टि से उत्तर प्रदेश की पहचान को मजबूती देगा और हजारों श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए आनंद और भक्ति का अनुभव सुनिश्चित करेगा।

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