उत्तर प्रदेश

गाजियाबाद स्टेशन पर सादे कपड़ों में भी गश्त, दिवाली-छठ के लिए बना सुरक्षा प्लान

nidhi
29 Oct 2026 9:50 AM IST
गाजियाबाद स्टेशन पर सादे कपड़ों में भी गश्त, दिवाली-छठ के लिए बना सुरक्षा प्लान
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गाजियाबाद: दिवाली और छठ पूजा पर घर जाने वाले यात्रियों की संभावित भारी भीड़ को देखते हुए गाजियाबाद रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जा रही है। रेलवे सुरक्षा बल यानी आरपीएफ की योजना के तहत त्योहारों के दौरान 100 अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी तैनात रहेंगे। स्टेशन पर कैमरों से निगरानी बढ़ाने के साथ ड्रोन का इस्तेमाल भी किया जाएगा। सुरक्षा तैयारियों में भीड़ नियंत्रित करने और चोरी जैसी घटनाएं रोकने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। आरपीएफ थाना प्रभारी अब्दुल लतीफ के अनुसार, त्योहारों में यात्रियों की संख्या सामान्य दिनों की तुलना में बढ़ जाती है।
अतिरिक्त कैमरों से महत्वपूर्ण स्थानों पर नजर
स्टेशन पर पहले से स्थापित 41 कैमरों के अतिरिक्त 30 अस्थायी कैमरे लगाने की मांग की गई थी। रिपोर्ट के अनुसार, अतिरिक्त कैमरे लगाने का आदेश हो गया है। इन्हें बैगेज स्कैनर, फुटओवर ब्रिज, टिकट घर और यार्ड जैसे महत्वपूर्ण स्थानों पर लगाया जाएगा। पांच से 14 नवंबर के बीच श्वान दस्ते से सघन जांच कराने की योजना है। इसी अवधि में बीच-बीच में ड्रोन से भी निगरानी की जाएगी। चोरी और जेबकतरी रोकने के लिए सादे कपड़ों में जवान मौजूद रहेंगे। आग से बचाव की तैयारियों के तहत अग्निशमन वाहन की उपलब्धता के लिए फायर ब्रिगेड को पत्र भी लिखा गया है।
प्लेटफॉर्म और आसपास के क्षेत्रों में बढ़ेगी गश्त
आरपीएफ की तैयारियों के साथ राजकीय रेलवे पुलिस यानी जीआरपी भी स्टेशन परिसर और आसपास निगरानी बढ़ाएगी। सभी प्लेटफॉर्म पर नियमित गश्त के अलावा सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी घूमकर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखेंगे। किसी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। दिवाली और छठ के दौरान दिल्ली-एनसीआर से बड़ी संख्या में लोग बिहार, पूर्वांचल और दूसरे क्षेत्रों में अपने घर जाते हैं। इससे ट्रेनों के आने-जाने के समय प्लेटफॉर्म और स्टेशन परिसर में यात्रियों का दबाव बढ़ता है। जीआरपी की तैयारी इस बढ़ी हुई आवाजाही के बीच सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की है। भीड़ के समय यात्रियों का ध्यान ट्रेन पकड़ने और परिवार को साथ रखने पर रहता है। ऐसे माहौल में सामान की सुरक्षा भी महत्वपूर्ण हो जाती है। निगरानी में वर्दीधारी जवानों के साथ सादे कपड़ों वाले कर्मियों की मौजूदगी रखने का उद्देश्य स्टेशन पर होने वाली गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए रखना है।
होल्डिंग एरिया से व्यवस्थित होगी यात्रियों की आवाजाही
त्योहारी भीड़ के लिए स्टेशन के सिटी साइड की ओर अस्थायी होल्डिंग एरिया बनाने की तैयारी भी है। इस व्यवस्था में ट्रेन का इंतजार करने वाले यात्रियों को निर्धारित स्थान पर रखा जाएगा। ट्रेन के प्लेटफॉर्म पर आने और उतरने-चढ़ने की स्थिति के अनुसार यात्रियों को आगे भेजा जाएगा। इससे एक साथ बड़ी संख्या में लोगों के प्लेटफॉर्म पर पहुंचने का दबाव कम करने में मदद मिलेगी। विशेष रूप से लंबी दूरी की ट्रेनों के समय इस व्यवस्था की भूमिका महत्वपूर्ण होगी। होल्डिंग एरिया को दिवाली से पहले तैयार करने की बात कही गई है।
प्रतीक्षा क्षेत्र में लाउडस्पीकर से ट्रेन संबंधी जानकारी देने और पीने के पानी की सुविधा उपलब्ध कराने की योजना है। यहां आरपीएफ के जवान निगरानी रखेंगे। उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी हिमांशु शेखर उपाध्याय के अनुसार, अस्थायी होल्डिंग एरिया का उद्देश्य प्लेटफॉर्म पर अनावश्यक भीड़ कम करना और यात्रियों को जरूरी सुविधाएं देना है।
लंबी दूरी की ट्रेनों में भी रहेगी निगरानी
सुरक्षा व्यवस्था केवल स्टेशन तक सीमित नहीं रहेगी। गाजियाबाद होकर बिहार, झारखंड और अन्य राज्यों की ओर जाने वाली लंबी दूरी की ट्रेनों में जीआरपी एस्कॉर्ट निगरानी रखेगी। यात्रियों की संख्या बढ़ने के साथ ट्रेन के भीतर सुरक्षा पर भी ध्यान दिया जा रहा है। जीआरपी गाजियाबाद के पुलिस उपाधीक्षक अशोक कुमार सिसोदिया के अनुसार, एस्कॉर्ट अलग-अलग कोच में निगरानी करेगी और संदिग्ध गतिविधि मिलने पर कार्रवाई करेगी। एस्कॉर्ट में महिला पुलिसकर्मी भी रहेंगी। यात्रियों को सतर्क रहने और अपने सामान का ध्यान रखने के लिए जागरूक किया जाएगा।
त्योहारों में परिवार और सामान के साथ यात्रा करने वालों के लिए स्टेशन से लेकर ट्रेन तक व्यवस्था का सुचारु रहना जरूरी है। अतिरिक्त निगरानी का उद्देश्य भीड़ के बीच होने वाली आपराधिक घटनाओं पर अंकुश लगाना और यात्रियों को सुरक्षित सफर का माहौल देना है।
यात्रियों का सहयोग भी जरूरी
यात्रियों को ट्रेन और प्लेटफॉर्म संबंधी घोषणाएं ध्यान से सुननी चाहिए। भीड़ में आगे निकलने की जल्दबाजी करने के बजाय सुरक्षाकर्मियों के निर्देशों का पालन करें। ट्रेन आने पर पहले उतरने वाले लोगों को रास्ता दें और बच्चों तथा बुजुर्गों को साथ रखें।
मोबाइल, पर्स और टिकट सुरक्षित रखें। किसी अनजान व्यक्ति के भरोसे सामान छोड़ने से बचें। कोई संदिग्ध वस्तु दिखे तो उसे छुए बिना वहां मौजूद सुरक्षाकर्मी को जानकारी दें। होल्डिंग एरिया में प्रतीक्षा करने को कहा जाए तो निर्धारित जगह पर रहें। व्यवस्थित आवाजाही से प्रवेश मार्ग और प्लेटफॉर्म पर भीड़ का दबाव संभालना आसान होगा।
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