उत्तर प्रदेश

Meerut जिला पंचायत चेयरमैन गौरव चौधरी ने मोनिका यादव से की शादी

Kavita2
30 May 2026 9:43 AM IST
Meerut जिला पंचायत चेयरमैन गौरव चौधरी ने मोनिका यादव से की शादी
x

Uttar Pradesh उत्तर प्रदेश: भारतीय जनता पार्टी (BJP) नेता और मेरठ जिला पंचायत के चेयरमैन गौरव चौधरी ने समाजवादी पार्टी (SP) के सांसद धर्मेंद्र यादव की पूर्व पत्नी मोनिका यादव से विवाह किया है। यह शादी गुरुवार को हिमाचल प्रदेश में एक निजी समारोह में संपन्न हुई, जिसमें दोनों परिवारों के करीबी सदस्य शामिल हुए।

सूत्रों के अनुसार, यह शादी पूरी तरह से निजी आयोजन थी और इसमें सीमित संख्या में मेहमानों को ही आमंत्रित किया गया था। कार्यक्रम को बेहद सादगी के साथ आयोजित किया गया, जिसमें पारिवारिक सदस्यों और कुछ करीबी लोगों की उपस्थिति रही।

मोनिका यादव वर्तमान में फर्रुखाबाद जिला पंचायत की चेयरपर्सन हैं। उनका राजनीतिक सफर भी काफी चर्चित रहा है। वे पहले समाजवादी पार्टी से जुड़ी हुई थीं और लंबे समय तक पार्टी की गतिविधियों में सक्रिय रहीं। हालांकि बाद में उन्होंने सपा से अपना संबंध समाप्त कर लिया और वर्ष 2021 में भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गईं।

उनके राजनीतिक जुड़ाव में यह बदलाव उस समय चर्चा का विषय बना था, जब उन्होंने सपा से दूरी बनाकर BJP का दामन थामा था। अब गौरव चौधरी के साथ उनके विवाह के बाद एक बार फिर उनका नाम राजनीतिक और सामाजिक चर्चाओं में आ गया है।



गौरव चौधरी मेरठ जिला पंचायत के अध्यक्ष हैं और BJP के सक्रिय नेता माने जाते हैं। स्थानीय राजनीति में उनकी पहचान एक प्रभावशाली जनप्रतिनिधि के रूप में है। उनके इस विवाह को लेकर राजनीतिक हलकों में भी चर्चा तेज हो गई है, हालांकि दोनों परिवारों की ओर से इसे पूरी तरह निजी और पारिवारिक निर्णय बताया गया है।

शादी समारोह हिमाचल प्रदेश के एक शांत और सुरम्य स्थान पर आयोजित किया गया, जहां प्राकृतिक वातावरण के बीच विवाह की रस्में पूरी की गईं। दोनों पक्षों के परिवारों ने इस अवसर पर नवविवाहित जोड़े को शुभकामनाएं दीं।

सूत्रों का कहना है कि समारोह में किसी प्रकार का बड़ा सार्वजनिक आयोजन नहीं किया गया और इसे पूरी तरह पारिवारिक रखा गया। शादी की तस्वीरें और जानकारी सामने आने के बाद यह मामला राजनीतिक और सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बन गया है।

फिलहाल दोनों ही नेताओं की ओर से इस विवाह को लेकर कोई विस्तृत राजनीतिक बयान नहीं दिया गया है। हालांकि इसे व्यक्तिगत जीवन का निर्णय बताते हुए इसे निजी दायरे में रखने की बात कही गई है।

इस विवाह के बाद क्षेत्रीय राजनीति में भी हलचल देखी जा रही है, क्योंकि दोनों ही व्यक्ति अपने-अपने जिलों में प्रभावशाली पदों पर हैं और राजनीतिक रूप से सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं।

Next Story