उत्तर प्रदेश

भाजपा पर मायावती का हमला, पूंजीपतियों को फायदा पहुंचाने का आरोप

nidhi
5 Oct 2026 10:21 AM IST
भाजपा पर मायावती का हमला, पूंजीपतियों को फायदा पहुंचाने का आरोप
x
चुनावी बैठक में मायावती का भाजपा पर निशाना
लखनऊ: बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती ने भाजपा सरकार पर जनहित और जनकल्याण की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि सरकार आम जनता की समस्याओं पर ध्यान देने के बजाय बड़े पूंजीपतियों और धन्नासेठों के हितों के प्रति ज्यादा समर्पित नजर आती है। मायावती ने उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों की समीक्षा के दौरान यह आरोप लगाया।
रविवार को लखनऊ स्थित बसपा के केंद्रीय कार्यालय में मायावती ने उत्तराखंड के वरिष्ठ पार्टी पदाधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने चुनाव आयोग की विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR प्रक्रिया के बाद मतदाता सूची की स्थिति, बूथ स्तर की कमेटियों के पुनर्गठन और संभावित प्रत्याशियों के चयन की प्रगति की जानकारी ली। मायावती ने पार्टी पदाधिकारियों को संगठन में मौजूद कमियों को समयबद्ध तरीके से दूर करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि चुनाव से पहले बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करना जरूरी है।
बैठक में SIR के बाद मतदाता सूची से बड़ी संख्या में नाम हटाए जाने का मुद्दा भी उठा। बसपा प्रमुख ने कहा कि खासतौर पर गरीब, युवा, महिलाएं और कमजोर तबकों के पात्र लोग मतदान के अपने संवैधानिक अधिकार से वंचित नहीं होने चाहिए। उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि पात्र मतदाताओं के नाम सूची में शामिल कराने के लिए पार्टी स्तर पर प्रयास जारी रखे जाएं। मायावती ने मतदाता सूची की स्थिति पर लगातार नजर रखने को भी कहा।
इसी बैठक में मायावती ने भाजपा सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जनहित और जनकल्याण के मुकाबले बड़े पूंजीपतियों और धन्नासेठों के हितों को ज्यादा प्राथमिकता दे रही है। यह मायावती का राजनीतिक आरोप है। भाजपा की ओर से इस विशेष बयान पर तत्काल प्रतिक्रिया की जानकारी सामने नहीं आई है।
बैठक में उत्तर प्रदेश और पंजाब में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियों पर भी चर्चा की गई। मायावती ने संभावित उम्मीदवारों के चयन की प्रगति की जानकारी ली और संगठन को चुनावी तैयारियां तेज करने के निर्देश दिए। बसपा प्रमुख ने पार्टी संस्थापक कांशीराम की पुण्यतिथि पर होने वाले कार्यक्रम की तैयारियों की भी समीक्षा की। कांशीराम की पुण्यतिथि 9 अक्टूबर को है।
इस बार उत्तर प्रदेश-दिल्ली सीमा पर स्थित बहुजन प्रेरणा केंद्र में बड़ा कार्यक्रम आयोजित नहीं किया जाएगा। मायावती ने बताया कि वहां रखरखाव का सरकारी कार्य चल रहा है और बड़ी संख्या में लोगों के एकत्र होने पर दुर्घटना की आशंका हो सकती है। ऐसे में उत्तर प्रदेश के सभी मंडलों से बसपा कार्यकर्ताओं को लखनऊ पहुंचकर कांशीराम स्मारक स्थल पर श्रद्धासुमन अर्पित करने के निर्देश दिए गए हैं। अन्य राज्यों में जोन स्तर पर संगोष्ठियों के माध्यम से कांशीराम को श्रद्धांजलि दी जाएगी।
मायावती की बैठक का प्रमुख फोकस संगठन को बूथ स्तर तक सक्रिय करना, मतदाता सूची पर नजर रखना और संभावित उम्मीदवारों के चयन की प्रक्रिया को आगे बढ़ाना रहा। उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों से चुनावी तैयारियों में किसी तरह की कमी नहीं छोड़ने को कहा। आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए बसपा लगातार संगठनात्मक बैठकें कर रही है। इसी क्रम में उत्तराखंड की तैयारियों की समीक्षा की गई और उत्तर प्रदेश तथा पंजाब की चुनावी तैयारियों पर भी चर्चा हुई।
Next Story