- Home
- /
- राज्य
- /
- उत्तर प्रदेश
- /
- Lucknow: मतदाता सूची...
Lucknow: मतदाता सूची में गड़बड़ी पर CEO का कड़ा रुख

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्यों में लापरवाही मिलने पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) नवदीप रिणवा ने सख्त रुख अपनाया है। “बुक अ कॉल विद बीएलओ” योजना के तहत 48 घंटे के भीतर मतदाताओं की समस्याओं का निस्तारण अनिवार्य होने के बावजूद आठ विधानसभा क्षेत्रों में 10 से अधिक प्रकरण लंबित पाए गए।
मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से CEO ने प्रदेश के सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों, उप निर्वाचन अधिकारियों और निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (ERO) के साथ SIR कार्यों की समीक्षा की। लंबित मामले पाए जाने वाले आठ विधानसभा क्षेत्र हैं: मुरादाबाद ग्रामीण, शिकोहाबाद, गढ़मुक्तेश्वर, चायल, मधुबन, कुंदरकी, मनकापुर और मुरादाबाद नगर। CEO ने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी प्रकरण को 48 घंटे से अधिक लंबित नहीं रहने दिया जाएगा और बूथवार नियमित समीक्षा अनिवार्य होगी।
CEO ने सभी जिलों को निर्देशित किया कि 18 जनवरी को प्रत्येक बूथ पर ड्राफ्ट मतदाता सूची सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित की जाए। इस प्रक्रिया में राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट (BLA), ग्राम प्रधान और पार्षदों का सहयोग लिया जाएगा। साथ ही मतदाता जागरूकता के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाए।
मतदाता सूची सुधार में फॉर्म-6, फॉर्म-7 और फॉर्म-8 की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। ऑफलाइन फॉर्म-6 भरने वाले मतदाताओं से विवरण हिंदी और अंग्रेजी दोनों में भरवाया जाएगा। ऑनलाइन फॉर्म-6 में नाम दर्ज करते समय भी बीएलओ को हिंदी में नाम दर्ज करने को कहा गया है, ताकि किसी प्रकार की त्रुटि न हो।
CEO ने सोशल मीडिया पर मतदाता सूची से जुड़ी जानकारी के लिए भी निर्देश दिए। सभी जिलों को उनके ट्विटर (अब X) हैंडल साझा किए गए हैं, जहां मतदाता अपनी समस्याएं पोस्ट कर समाधान पा सकते हैं। यदि वहां सुनवाई न हो, तो CEO के आधिकारिक X हैंडल @ceoup
पर शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
अंक अपडेट
पिछले 24 घंटों में 46,279 लोगों ने फॉर्म-6 भरकर अपने नाम जोड़े।
राजनीतिक दलों द्वारा: 577
आम नागरिकों द्वारा: 45,702
अब तक कुल फॉर्म-6 आवेदन: 18.53 लाख
पिछले 24 घंटे में 685 लोगों ने फॉर्म-7 भरकर नाम हटवाने का आवेदन किया, अब तक कुल 50,000+ आवेदन।





