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IAS दिव्या मित्तल के इस्तीफे के बाद चर्चा में आए पति गगनदीप सिंह

नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश कैडर की 2013 बैच की IAS अधिकारी दिव्या मित्तल के इस्तीफे के बाद उनके पति और पूर्व IAS अधिकारी गगनदीप सिंह भी चर्चा में आ गए हैं। गगनदीप सिंह ने भी कुछ साल पहले भारतीय प्रशासनिक सेवा से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने साल 2022 में वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय में संयुक्त महानिदेशक (Joint Director General) के पद से त्यागपत्र दिया था।
दिव्या मित्तल और गगनदीप सिंह दोनों ही सिविल सेवा के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान रखते हैं। दोनों अधिकारियों ने प्रशासनिक सेवा में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं, लेकिन बाद में अपने-अपने फैसलों के तहत सरकारी सेवा छोड़ने का रास्ता चुना।
दिव्या मित्तल ने 13 साल की सेवा के बाद दिया इस्तीफा
दिव्या मित्तल ने हाल ही में IAS पद से इस्तीफा दिया। उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से अपने फैसले की जानकारी साझा की थी।
उन्होंने बताया था कि 13 वर्षों की प्रशासनिक यात्रा के बाद उन्होंने अपनी इच्छा से इस सेवा को विराम दिया है। दिव्या मित्तल ने अपनी पोस्ट में अपने संघर्ष, शिक्षा और करियर यात्रा का भी जिक्र किया।
उन्होंने IIT दिल्ली और IIM बेंगलुरु से पढ़ाई की थी। इसके बाद उन्होंने सिविल सेवा परीक्षा पास कर IAS अधिकारी के रूप में अपनी पहचान बनाई।
गगनदीप सिंह ने पहली कोशिश में पास की थी UPSC परीक्षा
दिव्या मित्तल के पति गगनदीप सिंह भी प्रशासनिक सेवा के चर्चित अधिकारियों में रहे हैं। उन्होंने सिविल सेवा परीक्षा में पहली ही कोशिश में सफलता हासिल की थी।
UPSC परीक्षा को देश की सबसे कठिन प्रतियोगी परीक्षाओं में माना जाता है। पहली कोशिश में इसे पास करना उनकी मेहनत और तैयारी को दर्शाता है।
IAS बनने के बाद उन्होंने केंद्र और राज्य सरकारों के विभिन्न पदों पर काम किया।
वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय में निभाई जिम्मेदारी
गगनदीप सिंह ने केंद्र सरकार के वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय में संयुक्त महानिदेशक के पद पर कार्य किया। इस दौरान उन्होंने मंत्रालय से जुड़े कई महत्वपूर्ण कार्यों की जिम्मेदारी संभाली।
हालांकि, साल 2022 में उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उनके इस्तीफे के कारणों को लेकर अलग-अलग चर्चाएं होती रही हैं, लेकिन उन्होंने यह फैसला निजी कारणों से लिया था।
प्रशासनिक सेवा छोड़ने का फैसला
भारतीय प्रशासनिक सेवा को देश की सबसे प्रतिष्ठित नौकरियों में शामिल किया जाता है। ऐसे में किसी अधिकारी का बीच सेवा में इस्तीफा देना हमेशा चर्चा का विषय बन जाता है।
दिव्या मित्तल और गगनदीप सिंह दोनों के फैसलों ने एक बार फिर इस बात पर चर्चा शुरू कर दी है कि कई प्रतिभाशाली अधिकारी लंबे प्रशासनिक करियर के बाद अलग रास्ते क्यों चुनते हैं।
कई अधिकारी निजी जीवन, नए अवसरों या अन्य कारणों से सरकारी सेवा छोड़ने का फैसला करते हैं।
दोनों अधिकारियों की शिक्षा और करियर रहा उल्लेखनीय
दिव्या मित्तल और गगनदीप सिंह दोनों का शैक्षणिक और प्रशासनिक सफर काफी प्रेरणादायक रहा है।
दिव्या मित्तल ने इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट की पढ़ाई के बाद सिविल सेवा में कदम रखा। वहीं, गगनदीप सिंह ने भी कठिन परीक्षा को पहले प्रयास में सफलतापूर्वक पास किया।
दोनों ने प्रशासनिक सेवा में रहते हुए अलग-अलग क्षेत्रों में काम किया और महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभालीं।
सोशल मीडिया पर चर्चा तेज
दिव्या मित्तल के इस्तीफे की खबर सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर उनके करियर और फैसले को लेकर चर्चा शुरू हो गई। इसी दौरान उनके पति गगनदीप सिंह के 2022 में IAS सेवा छोड़ने की जानकारी भी सामने आई।
लोग दोनों अधिकारियों की यात्रा, उपलब्धियों और प्रशासनिक अनुभव को लेकर चर्चा कर रहे हैं।
सिविल सेवा में नए विकल्पों की ओर बढ़ते अधिकारी
पिछले कुछ वर्षों में कई ऐसे उदाहरण सामने आए हैं, जहां वरिष्ठ अधिकारी सरकारी सेवा छोड़कर निजी क्षेत्र, शिक्षा, सामाजिक कार्य या अन्य क्षेत्रों में आगे बढ़े हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि प्रशासनिक सेवा में आने वाले कई अधिकारी अपने अनुभव और क्षमता का उपयोग दूसरे क्षेत्रों में भी करना चाहते हैं।
दिव्या मित्तल और गगनदीप सिंह के फैसले भी इसी बदलाव का हिस्सा माने जा रहे हैं।
फिलहाल दिव्या मित्तल के इस्तीफे के बाद दोनों पूर्व IAS अधिकारियों की प्रशासनिक यात्रा चर्चा का विषय बनी हुई है। दोनों ने सिविल सेवा में अपनी पहचान बनाई और बाद में अपने फैसलों के अनुसार नई दिशा चुनी।





