उत्तर प्रदेश

कोलकाता भगदड़ के बाद UP में हाई अलर्ट, CM योगी का बड़ा आदेश

Kavita2
18 Oct 2026 4:13 PM IST
कोलकाता भगदड़ के बाद UP में हाई अलर्ट, CM योगी का बड़ा आदेश
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लखनऊ। पश्चिम बंगाल के कोलकाता में दुर्गा पूजा पंडाल के पास हुई भीषण भगदड़ में 19 लोगों की मौत के बाद उत्तर प्रदेश सरकार सतर्क हो गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के सभी जिलों में स्थापित दुर्गा पूजा पंडालों और वहां पहुंचने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। रविवार को बस्ती दौरे पर रवाना होने से पहले मुख्यमंत्री ने शासन और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों से बातचीत कर सुरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा करने को कहा। उन्होंने सभी पुलिस आयुक्तों, जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को दुर्गा पूजा पंडालों का निरीक्षण कराने, अग्नि सुरक्षा व्यवस्था जांचने, प्रवेश एवं निकास मार्गों को सुरक्षित रखने तथा आपातकालीन निकासी के पर्याप्त इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।

कोलकाता में 19 मौतों के बाद उत्तर प्रदेश सरकार सतर्क

पश्चिम बंगाल के कोलकाता में शनिवार शाम चोरबागान सार्वजनिक दुर्गा पूजा पंडाल के पास भगदड़ मचने से 19 लोगों की मौत हो गई और 25 लोग घायल हो गए।

इस दर्दनाक घटना ने देशभर में धार्मिक आयोजनों के दौरान भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा इंतजामों को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, पंडाल के आसपास बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे। इसी दौरान अचानक अफरा-तफरी मचने से भगदड़ की स्थिति पैदा हो गई।

घटना के कारणों की जांच जारी है। शुरुआती जानकारी में भीड़ का दबाव, बारिश और कथित तौर पर भ्रम पैदा करने वाली घोषणाओं जैसे पहलू सामने आए हैं।

मुख्यमंत्री योगी ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोलकाता की घटना पर दुख व्यक्त करते हुए उत्तर प्रदेश में ऐसे हादसों की रोकथाम के लिए व्यापक सुरक्षा इंतजाम करने को कहा है।

मुख्यमंत्री ने पुलिस आयुक्तों, जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को अपने-अपने क्षेत्रों में दुर्गा पूजा पंडालों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि धार्मिक आयोजनों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। इसलिए आयोजन स्थलों पर सुरक्षित आवागमन और आपातकालीन व्यवस्थाएं सुनिश्चित करना आवश्यक है।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को केवल कार्यालयों से निगरानी करने के बजाय क्षेत्र में सक्रिय रहकर सुरक्षा इंतजामों की जांच करने के निर्देश दिए हैं।

उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि संबंधित विभागों के बीच प्रभावी समन्वय बना रहे।

सभी दुर्गा पंडालों में होगी अग्नि सुरक्षा की जांच

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को दुर्गा पूजा पंडालों में अग्निशमन सुरक्षा व्यवस्था का विशेष निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं।

इसके तहत पंडालों में आग से बचाव के उपकरणों की उपलब्धता और आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने की तैयारियों की समीक्षा की जाएगी।

धार्मिक आयोजनों के दौरान अस्थायी पंडालों में सजावट और प्रकाश व्यवस्था के लिए विभिन्न विद्युत उपकरणों का उपयोग किया जाता है।

ऐसे में बिजली के तारों और उपकरणों की सुरक्षा अत्यंत महत्वपूर्ण होती है।

मुख्यमंत्री ने ऊर्जा विभाग सहित संबंधित विभागों को आवश्यक सुरक्षात्मक उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं, ताकि आग लगने या बिजली से संबंधित दुर्घटनाओं की आशंका कम की जा सके।

प्रवेश और निकास द्वारों की होगी विशेष निगरानी

दुर्गा पूजा पंडालों में श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुरक्षित बनाने के लिए प्रवेश और निकास मार्गों की जांच पर विशेष जोर दिया गया है।

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि पंडालों में आने और बाहर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए।

भीड़भाड़ वाले आयोजन स्थलों पर प्रवेश और निकास के रास्ते बाधित होने से भगदड़ का खतरा बढ़ सकता है।

इसलिए अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि आपातकालीन स्थिति में श्रद्धालु सुरक्षित तरीके से बाहर निकल सकें।

पंडालों में आपातकालीन निकास मार्गों की उपलब्धता और उनकी उपयोगिता की भी जांच की जाएगी।

डीएम और पुलिस कप्तानों को फील्ड में रहने के निर्देश

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को सुरक्षा व्यवस्थाओं की निगरानी के लिए क्षेत्र में सक्रिय रहने को कहा है।

उन्होंने निर्देश दिए कि अधिकारी आयोजन स्थलों की स्थिति का स्वयं जायजा लें और आवश्यक सुरक्षा उपायों का पालन सुनिश्चित कराएं।

इससे स्थानीय प्रशासन को भीड़भाड़ वाले स्थानों की पहचान करने और संभावित समस्याओं पर समय रहते ध्यान देने में सहायता मिलेगी।

मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी निर्देशों के अनुसार, सभी संबंधित अधिकारियों को सुरक्षा व्यवस्थाओं का अनुपालन सुनिश्चित करना होगा।

बिजली व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान

दुर्गा पूजा पंडालों में आकर्षक सजावट के लिए बड़ी संख्या में बिजली के उपकरण लगाए जाते हैं।

इनमें सजावटी लाइटें, विद्युत तार, साउंड सिस्टम और अन्य उपकरण शामिल होते हैं।

अस्थायी विद्युत कनेक्शन और खुले तार दुर्घटनाओं का कारण बन सकते हैं। इसलिए बिजली व्यवस्था की नियमित जांच आवश्यक है।

मुख्यमंत्री ने ऊर्जा विभाग के अधिकारियों को भी सुरक्षा इंतजामों की समीक्षा में शामिल करने के निर्देश दिए हैं।

पंडालों में बिजली की आपूर्ति और उपकरणों की सुरक्षा जांच से संभावित दुर्घटनाओं को रोकने में मदद मिल सकती है।

भीड़ प्रबंधन को लेकर प्रशासन की जिम्मेदारी बढ़ी

नवरात्रि और दुर्गा पूजा के अवसर पर उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पूजा पंडालों और मंदिरों में पहुंचते हैं।

विशेष रूप से शाम और रात के समय धार्मिक आयोजनों में भीड़ बढ़ने की संभावना रहती है।

ऐसे में प्रशासन को श्रद्धालुओं की आवाजाही, आपातकालीन निकासी और भीड़ नियंत्रण के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करनी होंगी।

भीड़ प्रबंधन के विशेषज्ञों के अनुसार, सुरक्षित प्रवेश और निकास मार्ग, स्पष्ट संकेतक तथा प्रशिक्षित कर्मचारियों की उपलब्धता बड़े धार्मिक आयोजनों में दुर्घटनाओं की आशंका कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

पश्चिम बंगाल की घटना पर मुख्यमंत्री ने जताया शोक

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोलकाता में दुर्गा पूजा के दौरान हुई जनहानि पर गहरा दुख व्यक्त किया।

उन्होंने घटना को दुखद बताते हुए सभी संबंधित विभागों को उत्तर प्रदेश में सुरक्षात्मक प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

कोलकाता में हुई भगदड़ के बाद धार्मिक आयोजनों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्कता बढ़ाने की आवश्यकता सामने आई है।

उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से जारी निर्देशों का उद्देश्य किसी भी संभावित दुर्घटना की आशंका कम करना और श्रद्धालुओं को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना है।

सुरक्षा में लापरवाही न होने देने पर जोर

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि दुर्गा पूजा जैसे बड़े धार्मिक आयोजनों में श्रद्धालुओं की सुरक्षा प्राथमिकता होनी चाहिए।

उन्होंने प्रशासन, पुलिस, अग्निशमन और ऊर्जा विभाग के बीच समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए हैं।

संबंधित अधिकारियों को आयोजन स्थलों का निरीक्षण करने और आवश्यक व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है।

सरकार के इन निर्देशों के बाद प्रदेशभर में दुर्गा पूजा पंडालों की सुरक्षा समीक्षा महत्वपूर्ण हो गई है।

कोलकाता की दुखद घटना के बाद उत्तर प्रदेश में उठाए गए ये कदम धार्मिक आयोजनों में दुर्घटनाओं की रोकथाम और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को मजबूत बनाने के उद्देश्य से किए जा रहे हैं।

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