उत्तर प्रदेश

खेत की तारबंदी बनी मौत का कारण, करंट लगने से मासूम ने तोड़ा दम

Ratna Netam
17 July 2026 8:31 PM IST
खेत की तारबंदी बनी मौत का कारण, करंट लगने से मासूम ने तोड़ा दम
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Ghaziabad गाजियाबाद : मुरादनगर थाना क्षेत्र के ग्राम भौवापुर में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है, जहां खेत में काम कराने के बहाने ले जाए गए 10 वर्षीय मासूम बच्चे की करंट लगने से मौत हो गई। घटना के बाद परिवार में मातम छा गया। परिजनों का आरोप है कि खेत की सुरक्षा के लिए लगाई गई तारबंदी में अवैध रूप से बिजली का करंट छोड़ा गया था, जिसकी चपेट में आने से बच्चे की जान चली गई।

मृतक बच्चे की पहचान गांव भौवापुर निवासी केशव (10 वर्ष) के रूप में हुई है। घटना के बाद सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं, मृतक के पिता की शिकायत पर पुलिस ने खेत मालिक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

मृतक के पिता संजय ने पुलिस को दी गई शिकायत में आरोप लगाया है कि 16 जुलाई 2026 को गांव निवासी श्रीनिवास उर्फ सीओ उनके बेटे केशव को पैसे देने का लालच देकर अपने खेत में काम कराने के लिए ले गया था। आरोप है कि खेत में फसल को जंगली जानवरों से बचाने के लिए चारों तरफ तारबंदी की गई थी। इसी तारबंदी में अवैध तरीके से बिजली का करंट छोड़ा गया था, जो हादसे का कारण बना।

पिता के अनुसार, खेत में काम करते समय केशव का हाथ अचानक बिजली के तार से छू गया। करंट इतना तेज था कि बच्चा तार से चिपक गया और गंभीर रूप से झुलस गया। हादसे के बाद वह मौके पर ही बेहोश हो गया। इस दौरान गांव के रहने वाले युवक शनि ने बच्चे को खेत की मेड़ के पास तार से चिपका हुआ देखा।

शनि ने तुरंत घटना की जानकारी पुलिस और बच्चे के परिवार वालों को दी। सूचना मिलते ही परिजन आनन-फानन में खेत पर पहुंचे और बच्चे को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मुरादनगर लेकर गए। हालांकि, अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।

मासूम की मौत की खबर मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी इस घटना को लेकर शोक का माहौल है। ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

पुलिस ने बताया कि मृतक के पिता की तहरीर के आधार पर आरोपी श्रीनिवास उर्फ सीओ के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 106(1) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर रही है।

जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि खेत में बिजली का करंट किस उद्देश्य से छोड़ा गया था और इसके लिए किन परिस्थितियों में व्यवस्था की गई थी। पुलिस खेत की तारबंदी, बिजली कनेक्शन और अन्य संबंधित पहलुओं की भी जांच कर रही है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यदि जांच में लापरवाही या किसी की जिम्मेदारी सामने आती है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

इस घटना ने एक बार फिर खेतों में अवैध तरीके से करंट छोड़ने जैसी घटनाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में कई बार फसलों को जानवरों से बचाने के लिए लोग खतरनाक तरीके अपनाते हैं, जिससे इंसानों की जान भी जोखिम में पड़ जाती है। प्रशासन और पुलिस लोगों से ऐसी गतिविधियों से बचने की अपील करते रहे हैं।

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