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लखनऊ में अनियंत्रित होकर पलटी कार, दारोगा की मां और ताऊ की मौत; दो घायल

लखनऊ। राजधानी लखनऊ के काकोरी क्षेत्र में रविवार सुबह दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। चकौली अंडरपास के पास बुलंदशहर से मोहनलालगंज की ओर जा रही एक कार अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई। हादसे में कार सवार एक दारोगा की मां और ताऊ की मौत हो गई, जबकि दारोगा समेत दो लोग घायल हो गए। दोनों घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार चल रहा है।
हादसा रविवार सुबह करीब नौ बजे चकौली अंडरपास के पास हुआ। कार में कुल चार लोग सवार थे। अचानक कार चालक का नियंत्रण बिगड़ा और वाहन पलट गया। हादसा इतना गंभीर था कि कार में सवार सभी लोग घायल हो गए। घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई।
स्थानीय लोगों ने हादसे की सूचना पुलिस को दी। जानकारी मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और कार में फंसे तथा घायल लोगों को बाहर निकालने की कार्रवाई शुरू की। घायलों को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया।
पुलिस को शुरुआती जानकारी में पता चला कि कार बुलंदशहर से मोहनलालगंज की ओर जा रही थी। कार में चार लोग यात्रा कर रहे थे। इनमें बिजनौर जिले के नाहटौर थाने में तैनात 28 वर्षीय दारोगा सोनू निगम भी शामिल थे।
हादसे में दारोगा सोनू निगम की मां और उनके ताऊ को गंभीर चोटें आईं। दोनों की जान नहीं बचाई जा सकी। वहीं सोनू निगम समेत दो लोग घायल हो गए। घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज जारी है।
एक ही परिवार के दो सदस्यों की सड़क हादसे में मौत से परिवार में मातम पसर गया है। हादसे की खबर मिलते ही परिजनों और परिचितों में शोक की लहर दौड़ गई। सुबह के समय हुई इस घटना ने पूरे परिवार को गहरा सदमा दिया है।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि कार आखिर किस वजह से अनियंत्रित हुई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार वाहन चकौली अंडरपास के पास पहुंचने के बाद नियंत्रण से बाहर हुआ और पलट गया। हालांकि हादसे की वास्तविक वजह जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
घटनास्थल की परिस्थितियों को देखते हुए पुलिस हादसे से जुड़े सभी पहलुओं की जानकारी जुटा रही है। वाहन की रफ्तार कितनी थी, चालक ने अचानक नियंत्रण क्यों खोया और क्या सड़क की स्थिति या किसी अन्य वाहन की वजह से हादसा हुआ, इन सभी बिंदुओं पर जांच की जा सकती है।
हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने राहत कार्य में मदद की। पुलिस ने भी घटनास्थल पर पहुंचते ही घायलों को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाने को प्राथमिकता दी।
कार में सवार दारोगा सोनू निगम बिजनौर के नाहटौर थाने में तैनात बताए गए हैं। वह अपने परिवार के सदस्यों के साथ बुलंदशहर से मोहनलालगंज की ओर जा रहे थे। यात्रा के दौरान लखनऊ के काकोरी क्षेत्र में चकौली अंडरपास के पास यह दुर्घटना हो गई।
रविवार सुबह करीब नौ बजे सड़क पर आवाजाही के बीच अचानक कार पलटने से आसपास के वाहन चालक भी सतर्क हो गए। हादसे के बाद कुछ समय के लिए घटनास्थल पर यातायात प्रभावित होने की स्थिति बनी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर राहत और आवश्यक कार्रवाई शुरू की।
हादसे में दो लोगों की मौत के बाद पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई की जा रही है। वहीं घायलों की स्थिति पर भी नजर रखी जा रही है।
दारोगा की मां और ताऊ की एक साथ मौत परिवार के लिए बड़ा सदमा है। यात्रा के दौरान किसी ने नहीं सोचा होगा कि रास्ते में इतना बड़ा हादसा हो जाएगा। कार के अचानक अनियंत्रित होकर पलटने से कुछ ही क्षणों में परिवार की यात्रा मातम में बदल गई।
पुलिस दुर्घटनाग्रस्त कार की भी जांच कर सकती है। इससे यह पता लगाने में मदद मिलेगी कि हादसे के पीछे किसी तकनीकी खराबी की भूमिका थी या नहीं। साथ ही घटनास्थल और आसपास उपलब्ध अन्य जानकारियों के आधार पर दुर्घटना का क्रम समझने की कोशिश की जाएगी।
सड़क हादसों में तेज रफ्तार, वाहन पर नियंत्रण खोना, अचानक सामने आए अवरोध और तकनीकी खराबी समेत कई कारण हो सकते हैं। हालांकि इस मामले में अभी किसी विशेष कारण की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए हादसे की वजह को लेकर पुलिस जांच पूरी होने का इंतजार किया जा रहा है।
चकौली अंडरपास के आसपास हुई इस दुर्घटना के बाद पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। हादसे के समय कार किस दिशा से आ रही थी और किस स्थान पर पलटी, इसकी जानकारी जुटाई गई है।
अस्पताल में भर्ती दारोगा सोनू निगम और दूसरे घायल का उपचार किया जा रहा है। दोनों की चोटों के बारे में विस्तृत जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। चिकित्सकों की निगरानी में उनका इलाज जारी है।
पुलिस के लिए हादसे की वजह का पता लगाना महत्वपूर्ण होगा। इसके लिए घायल लोगों के बयान भी अहम हो सकते हैं। स्वास्थ्य में सुधार होने के बाद पुलिस उनसे दुर्घटना से पहले की परिस्थितियों के बारे में जानकारी ले सकती है।
हादसे के बाद परिवार के अन्य सदस्यों को घटना की जानकारी दी गई। मां और ताऊ की मौत की खबर से परिजनों में कोहराम मच गया। वहीं दारोगा और एक अन्य व्यक्ति के घायल होने से परिवार की चिंता और बढ़ गई है।
इस दुर्घटना ने एक बार फिर सड़क पर वाहन चलाते समय सावधानी बरतने की जरूरत को सामने रखा है। विशेष रूप से लंबी दूरी की यात्रा के दौरान चालक को गति नियंत्रित रखने और सड़क की परिस्थितियों पर लगातार नजर रखने की आवश्यकता होती है।
काकोरी क्षेत्र में हुए इस हादसे की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए घायलों को अस्पताल पहुंचाया। इसके साथ ही दुर्घटनाग्रस्त वाहन को सड़क से हटाने और यातायात व्यवस्था सामान्य करने की प्रक्रिया भी की गई।
पुलिस हादसे से जुड़े प्रत्यक्षदर्शियों से भी जानकारी ले सकती है। यदि आसपास सीसीटीवी कैमरे लगे हैं तो उनके फुटेज की मदद से कार पलटने से पहले की स्थिति को समझने में सहायता मिल सकती है। हालांकि फिलहाल इस संबंध में कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
घटना में दारोगा सोनू निगम की मां और ताऊ की मौत हुई है, जबकि सोनू निगम समेत दो लोग घायल हैं। ऐसे में परिवार के लिए यह बेहद दुखद समय है। एक ही हादसे में दो परिजनों को खोने और दो सदस्यों के घायल होने से परिवार गहरे सदमे में है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। कार के अनियंत्रित होने की वास्तविक वजह जांच के बाद ही सामने आएगी। मृतकों से संबंधित आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है और घायलों का अस्पताल में इलाज जारी है।
कुल मिलाकर, लखनऊ के काकोरी क्षेत्र में चकौली अंडरपास के पास रविवार सुबह करीब नौ बजे बुलंदशहर से मोहनलालगंज जा रही कार अनियंत्रित होकर पलट गई। कार में चार लोग सवार थे, जिनमें बिजनौर के नाहटौर थाने में तैनात 28 वर्षीय दारोगा सोनू निगम भी शामिल थे। हादसे में उनकी मां और ताऊ की मौत हो गई, जबकि सोनू निगम समेत दो लोग घायल हो गए। पुलिस हादसे की वजह का पता लगाने के लिए जांच कर रही है।





