उत्तर प्रदेश

Bareilly: अस्पताल का निजीकरण मंजूर नहीं, आंदोलन की तैयारी शुरू

Admindelhi1
28 May 2025 12:49 PM IST
Bareilly: अस्पताल का निजीकरण मंजूर नहीं, आंदोलन की तैयारी शुरू
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"मॉडल के तहत निजी हाथों दिया तो आंदोलन किया जाएगा"

बरेली: किसान एकता संघ ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट गेट पर धरना प्रदर्शन कर चेतावनी दी कि अगर तीन सौ बेड अस्पताल को पीपीपी (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल के तहत निजी हाथों दिया तो आंदोलन किया जाएगा।

पदाधिकारी दामोदर स्वरूप पार्क में एकत्र हुए। यहां से नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे और सीएम को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। इस दौरान किसान नेता डॉ. रवि नगर ने कहा कि संघ ने अस्पताल का संचालन शुरू कराने के लिए छह महीने तक लगातार आंदोलन किया। कई बार प्रशासन को ज्ञापन भी सौंपे। आंदोलन का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को मुफ्त और सुलभ चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना था। लेकिन, सरकार की ओर से कोई ठोस आश्वासन नहीं मिलने पर संघ ने 26 मार्च 2025 से पदयात्रा निकालने का ऐलान किया, लेकिन, 27 मार्च को मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए प्रशासन ने सीएम तक संघ की बात पहुंचाने आश्वासन देकर कार्यक्रम को निरस्त करा दिया था।

एक प्रतिनिधिमंडल जिले के प्रभारी मंत्री और सहकारिता मंत्री जेपीएस राठौर से मिला, उन्होंने भी संगठन को आश्वस्त किया कि जनहित में इस योजना को अवश्य पूरी किया जाएगा, मगर इस ओर ध्यान नहीं दिया गया। उन्होंने बताया कि अस्पताल को पीपीपी मॉडल पर निजी संस्था को सौंपने पर विचार करने का पता चलने पर संघ और आम नागरिकों के बीच गहरा असंतोष है। राष्ट्रीय सचिव यज्ञ प्रकाश गंगवार ने कहा कि अस्पताल निजी हाथों में जाने से जहां इलाज महंगा हो जाएगा, वहीं गरीब तबका इससे वंचित रह जाएगा। चेताया कि यदि पीपीपी मॉडल लागू किया गया तो संगठन आंदोलन करेगा।

यज्ञ प्रकाश गंगवार, राजेश शर्मा, श्यामपाल गुर्जर, बहोरन लाल गुर्जर, जयसिंह यादव, सोरन सिंह गुर्जर, अमरजीत सिंह, सरदार गुरमीत सिंह, कैप्टन ओंकार सिंह, अवधेश गुर्जर, मैनेजर खान, पप्पू सिंह, घनश्याम गुर्जर, लखपत सिंह यादव, राजेंद्र प्रधान, धनपाल मौर्य, रंजीत पाल, शिवम दुबे, शहादत खान, आजाद खान, अवधेश गुर्जर आदि मौजूद रहे।

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