उत्तर प्रदेश

Balrampur: नेशनल हाईवे प्रोजेक्ट पर मजदूर संकट का असर

Admindelhi1
12 April 2025 11:00 AM IST
Balrampur: नेशनल हाईवे प्रोजेक्ट पर मजदूर संकट का असर
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"एनएच निर्माण की सुस्त हुई रफ्तार"

बलरामपुर: एनएच 343 निर्माण के लिए वर्षों की प्रतीक्षा के बाद पेड़ों की कटाई को लेकर अनुमति मिल गई, लेकिन अब क्लियरेंस मिलने के बाद फिर से पेड़ कटाई के कार्य धीमा हो गया है। ऐसे में निर्धारित समय पर निर्माण कार्य पूर्ण होंगे इसे लेकर भी अब संशय की स्थिति बनी हुई है।

उल्लेखनीय है कि एनएच 343 पर अंबिकापुर से लेकर बलरामपुर जिले के रामानुजगंज के बीच तीन खंडों में सड़क निर्माण की अनुमति शासन से प्रदान की गई है। एनएच विभाग के अधिकारियों के अनुसार 110 किलोमीटर में से पहले चरण के लगभग 14 किलोमीटर के लिए 144 करोड़, दूसरे चरण में लगभग 49 किलोमीटर के लिए 397 करोड़ और तीसरे चरण के 29 किलोमीटर के लिए लगभग 199 करोड रुपये की स्वीकृति प्राप्त हुई है।

मिली जानकारी के अनुसार, कुल 740 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिलने के बाद 24 करोड़ रुपये की राशि वन विभाग को पेड़ों की कटाई के लिए प्रदान की गई और फारेस्ट क्लियरेंस मिलने के बाद पेड़ों की कटाई प्रारंभ की गई, लेकिन वर्तमान में पेड़ों की कटाई धीमी हो गई है। यही स्थिति रही तो पेड़ों की कटाई में वर्षों का समय लग जाएगा और जब तक पेड़ों की कटाई कर ठेकेदार को क्लियरेंस नहीं मिलता है ठेकेदार द्वारा काम शुरू नहीं किया जाएगा।

इसके साथ ही पेड़ों की कटाई के लिए मजदूर भी कम लगाए गये हैं, जिससे काम धीमी गति से चल रहा है। हालांकि पेड़ों की कटाई में देर को लेकर वन विभाग के कर्मचारियों का कहना है कि वन क्षेत्र की तुलना में शहरी क्षेत्र में पेड़ों के माध्यम से विद्युत सप्लाई का इतना जाल फैला है कि पेड़ों के काटने में कठिनाई हो रही है। पेड़ कटाई के लिए विद्युत सप्लाई बाधित होने पर विवाद की स्थिति निर्मित हो सकती है। इस बीच एनएच 343 की जर्जर सड़क के कारण लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

एनएच पर 60 किमी से अधिक लम्बी सड़क जर्जर हो चुकी है और लोग आए दिन दुर्घटना के शिकार हो रहे है इसके साथ ही लोगों को 3 घंटे का सफर तय करने में 5 घंटे लग रहा है। वर्तमान में लोग प्रतापपुर मार्ग से आवागमन कर रहे हैं, ऐसे में उन्हें 15 किमी से अधिक लम्बी दूरी तय करनी पड़ रही है। एनएच के अधिकारियों का कहना है कि पेड़ों की कटाई पूर्ण होने के बाद ही सड़क का निर्माण शुरू होगा।

डीएफओ अशोक तिवारी ने शनिवार को बताया कि पेड़ों की कटाई का कार्य जारी है। फिलहाल महुआ का सीजन चल रहा है इसलिए मजदूर मिलने में दिक्कत हो रही है। श्रमिकों की उपलब्धता होने के बाद पेड़ों की कटाई में तेजी आएगी।

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