उत्तर प्रदेश

Ballia: हर दिन एक पौधा लगाकर पर्यावरण को समर्पित जीवन जी रहे हैं शिक्षक शैलेन्द्र यादव

Admindelhi1
8 Jun 2025 12:41 PM IST
Ballia: हर दिन एक पौधा लगाकर पर्यावरण को समर्पित जीवन जी रहे हैं शिक्षक शैलेन्द्र यादव
x

बलिया: पर्यावरण संरक्षण को लेकर लोगों में जागरूकता भले धीरे-धीरे बढ़ रही हो, लेकिन बलिया जनपद के नगरा ब्लॉक में कार्यरत इको क्लब प्रभारी शैलेन्द्र प्रताप यादव इसके लिए वर्षों से हर दिन एक नया पौधा लगाकर एक अनोखी मिसाल पेश कर रहे हैं। मूल रूप से मऊ के सहादतपुरा निवासी शैलेन्द्र का हरियाली के प्रति प्रेम ऐसा है कि वे जहां भी ज़रा-सी जगह दिखती है, वहां पौधा लगाकर प्रकृति को एक तोहफा देने में जुट जाते हैं।

शैलेन्द्र ने 5 सितंबर 2020 (शिक्षक दिवस) से लेकर अब तक हर दिन पौधारोपण करने का आजीवन संकल्प लिया है। इसी क्रम में उन्होंने विश्व पर्यावरण दिवस 2025 को 1579वां पौधा रोपित किया, जो न सिर्फ एक आंकड़ा है, बल्कि उनके समर्पण की जीवंत मिसाल है। वे अपने खर्चे पर पौधे खरीदते हैं और या तो उन्हें खुद लगाते हैं या फिर किसी जागरूक नागरिक को समर्पित कर पौधारोपण करवाते हैं।

उनके इस अनूठे प्रयास के लिए शैलेन्द्र को जिला और राष्ट्रीय स्तर पर कई मंचों से सम्मानित भी किया जा चुका है। वे सिर्फ पौधे लगाकर ही नहीं रुकते, बल्कि पर्यावरण संरक्षण को लेकर जागरूकता फैलाने में भी आगे रहते हैं।

अभियान और उपलब्धियां

जून 2022 में मऊ से वाराणसी तक तमसा नदी की सफाई के लिए पदयात्रा।

गांधी जयंती पर मऊ से लुंबिनी (नेपाल) तक "गांधी पर्यावरण संदेश साइकिल यात्रा"।

1350 से अधिक स्कूलों में पर्यावरण जागरूकता अभियान।

तमसा नदी की सफाई के लिए जनपद प्रशासन व नगर पालिका से की गुहार।

शैलेन्द्र का कहना है, "मैंने कोरोना काल में ऑक्सीजन के महत्व को समझा और तभी से संकल्प लिया कि जब तक जीवन है, हर दिन एक पौधा जरूर लगाऊंगा।"

5 जून 2025 को पर्यावरण दिवस पर, उन्होंने अपने आवास सहादतपुरा में भंडारे का आयोजन किया, जिसमें आए सभी आगंतुकों को तुलसी का पौधा भेंट स्वरूप दिया गया। वे मानते हैं कि हर व्यक्ति को प्रकृति से जुड़ना चाहिए और इस धरती को हरा-भरा बनाए रखने में अपना योगदान देना चाहिए।

शिक्षक शैलेन्द्र की यह पहल समाज के लिए प्रेरणा है – एक व्यक्ति का छोटा सा संकल्प किस तरह बड़े बदलाव की ओर ले जा सकता है, इसका जीवंत उदाहरण हैं वे।

Next Story