उत्तर प्रदेश

भागने पर कुत्तों से हमला करने का आरोप

Saba Naaz
24 Jun 2026 3:47 PM IST
भागने पर कुत्तों से हमला करने का आरोप
x

उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले से मानवता को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक दोना-पत्तल बनाने वाली फैक्ट्री में मजदूरों को बंधक बनाकर अमानवीय परिस्थितियों में काम कराने का आरोप लगा है। तितावी थाना क्षेत्र के गांव मांडी स्थित इस फैक्ट्री पर पुलिस ने छापेमारी कर 12 श्रमिकों को मुक्त कराया है। इन श्रमिकों में बिहार, उत्तर प्रदेश, झारखंड, हरियाणा, उत्तराखंड और राजस्थान के लोग शामिल हैं, जिनमें कुछ नाबालिग भी बताए जा रहे हैं।

सूचना मिलने के बाद एसपी देहात अक्षय संजय महाडीक, सहायक श्रम आयुक्त और तहसील प्रशासन की संयुक्त टीम ने कार्रवाई की। छापेमारी के दौरान फैक्ट्री में मौजूद मजदूरों को मुक्त कराया गया और दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि फैक्ट्री संचालक मौके से फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है।

पीड़ित श्रमिकों ने बताया कि उन्हें 10 से 12 हजार रुपये मासिक वेतन का झांसा देकर काम पर लाया गया था, लेकिन बाद में उन्हें फैक्ट्री में बंधक बना लिया गया। मजदूरों से दिन-रात काम कराया जाता था और खाने के नाम पर केवल एक समय सूखी रोटी दी जाती थी। यदि कोई मजदूर विरोध करता या भागने की कोशिश करता तो उसके साथ मारपीट की जाती थी।

श्रमिकों ने यह भी आरोप लगाया कि भागने की कोशिश करने वालों पर खूंखार पिटबुल कुत्ता छोड़ दिया जाता था, जिससे वे डरकर काम करने को मजबूर रहते थे। इसके अलावा मजदूरों के मोबाइल फोन भी छीन लिए जाते थे, ताकि वे किसी से संपर्क न कर सकें।

पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि पिछले एक से डेढ़ साल से श्रमिकों को इसी तरह काम पर रखा गया था। कुछ मजदूरों ने यह भी आरोप लगाया है कि इस दौरान एक मजदूर नेपाल निवासी अर्जुन की मौत हो गई थी, जिसका शव बाद में बरामद हुआ था। फिलहाल दो अन्य मजदूर लापता बताए जा रहे हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।

एसएसपी ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच जारी है और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो इसमें हत्या की धाराएं भी जोड़ी जा सकती हैं। पुलिस का कहना है कि मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पूरे मामले की गहराई से जांच की जाएगी।

इस घटना ने इलाके में हड़कंप मचा दिया है और मजदूरों के शोषण को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रशासन अब फैक्ट्री के संचालन और वहां की गतिविधियों की विस्तृत जांच में जुटा है।

Next Story