उत्तर प्रदेश

जिला अस्पताल में दो डॉक्टरों के बीच हाथापाई, सीसीटीवी में कैद हुई घटना

SHIDDHANT
29 Aug 2025 11:09 PM IST
जिला अस्पताल में दो डॉक्टरों के बीच हाथापाई, सीसीटीवी में कैद हुई घटना
x
UP उत्तर प्रदेश: बस्ती जिले का महिला जिला अस्पताल शुक्रवार को उस समय चर्चा में आ गया, जब अस्पताल में तैनात दो वरिष्ठ डॉक्टरों के बीच हुए विवाद ने गंभीर रूप ले लिया। मामला इतना बढ़ा कि दोनों डॉक्टरों के बीच कहासुनी हाथापाई में बदल गई और पूरा घटनाक्रम अस्पताल के सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गया। इस घटना ने जिले के स्वास्थ्य महकमे में हलचल मचा दी है। सूत्रों के अनुसार, यह विवाद अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) डॉ. अनिल कुमार और बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. तैय्यब अंसारी के बीच हुआ। डॉ. अंसारी का कहना है कि अस्पताल में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है और स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए स्टाफ नर्सों की संख्या पर्याप्त नहीं है। इस कमी को दूर करने के लिए उन्होंने सीएमएस को प्रार्थना पत्र देकर अतिरिक्त नर्सों की मांग की थी।
इसी विषय पर जब डॉ. अंसारी ने सीएमएस से सीधे बातचीत की तो दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। आरोप है कि विवाद के दौरान माहौल इतना गरमा गया कि सीएमएस ने डॉ. अंसारी को थप्पड़ मार दिया। इसके बाद दोनों के बीच हाथापाई शुरू हो गई, जिसकी तस्वीरें और वीडियो सीसीटीवी में कैद हो गईं। घटना का वीडियो फुटेज सामने आने के बाद यह मामला तेजी से फैल गया। अस्पताल के स्टाफ और अन्य मरीजों के परिजन भी इस विवाद के गवाह बने। कई लोग इस अप्रिय घटना को रोकने की कोशिश करते रहे, लेकिन तब तक दोनों डॉक्टरों के बीच हाथापाई हो चुकी थी।
वीडियो में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि बहस पहले शब्दों तक सीमित थी, लेकिन अचानक माहौल बिगड़ा और दोनों ने एक-दूसरे पर हाथ उठा दिया। अस्पताल जैसी संवेदनशील जगह पर दो वरिष्ठ चिकित्सकों के बीच इस तरह की मारपीट ने सभी को चौंका दिया। इस घटना से अस्पताल का माहौल तनावपूर्ण हो गया। मरीजों और उनके परिजनों ने कहा कि जहां उन्हें इलाज और राहत मिलनी चाहिए, वहां डॉक्टरों का इस तरह का व्यवहार बेहद शर्मनाक है। अस्पताल स्टाफ ने भी माना कि इस तरह की घटनाएं न केवल अस्पताल की छवि को खराब करती हैं, बल्कि मरीजों के भरोसे को भी प्रभावित करती हैं।
जिले के स्वास्थ्य अधिकारियों तक जैसे ही यह खबर पहुंची, तुरंत कार्रवाई की मांग उठने लगी। स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों का कहना है कि पूरे मामले की जांच के लिए सीसीटीवी फुटेज को देखा जाएगा और रिपोर्ट बनाकर उच्च अधिकारियों को भेजी जाएगी। हालांकि इस विवाद पर अभी तक किसी भी डॉक्टर की ओर से औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है, लेकिन जिला प्रशासन ने घटना को गंभीरता से लिया है। माना जा रहा है कि जांच पूरी होने के बाद दोनों डॉक्टरों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है। बस्ती का महिला जिला अस्पताल लंबे समय से स्वास्थ्य सेवाओं की कमी और स्टाफ की तैनाती को लेकर चर्चा में रहा है। मरीजों की बढ़ती संख्या के मुकाबले पर्याप्त नर्स और पैरामेडिकल स्टाफ उपलब्ध नहीं है। ऐसे में डॉक्टरों पर दबाव बढ़ जाता है। डॉ. अंसारी का कहना है कि इसी समस्या की ओर ध्यान दिलाने के लिए उन्होंने प्रार्थना पत्र दिया था, लेकिन उसकी जगह विवाद खड़ा हो गया।
Next Story