उत्तर प्रदेश

33वां दीक्षांत समारोह 15 दिसंबर को किया जाएगा आयोजित

Admin Delhi 1
22 Nov 2022 9:37 AM GMT
33वां दीक्षांत समारोह 15 दिसंबर को किया जाएगा आयोजित
x

मेरठ न्यूज़: चौधरी चरण सिंह विवि व उससे संबंधित कॉलेजों के दीक्षांत समारोह में होनहारों को मिलने वाले मेडल पर अब श्री, श्रीमति व जी नहीं लगेगा और सर्टिफिकेट के भी दो हिस्से होंगे। इतना ही नहीं होनहारों को अब हर जगह मेडल दिखाने की जरुरत नहीं पड़ेगी, बल्कि सर्टिफिकेट ही इसका प्रमाण देगा। विवि के सर्टिफिकेट ही इसका प्रमाण देंगे। वहीं स्वर्गीय शब्द को भी प्रयोग नहीं किया जाएगा। इसके साथ ही इसबार मेडल में पीले व लाल कलर से लिखने का फैसला किया गया है। शब्दों को उभरा हुआ भी बनाया जाएगा।

उभरे शब्द होंगे फायदेमंद: दरअसल उभरे हुए शब्द देखने में अच्छे लगते है ज्यादा समय तक टिके रहते है और पढ़ने में भी आसानी होती है इसलिए इसबार उभरे हुए शब्दों को लिखा जाएगा। वहीं इसबार सर्टिफिकेट पर किसी के आगे स्वर्गीय, श्री, श्रीमति, जी आदि का प्रयोग नहीं किया गया। इसके अलावा इसबार सर्टिफिकेट पर भी किसी के नाम के आगे कुमारी और कुमार शब्द का भी प्रयोग नहीं होगा।

मेहरुन साड़ी होगी गर्ल्स का कोड: इसबार गर्ल्स की डेÑसकोड पर चर्चा हो रही है, ऐसा बताया जा रहा है या तो मेहरुन या फिर ब्राउन साड़ी का कलर रखा जाए या फिर सूट दोनों में से कोई भी रंग हो सकता है। सूट होता है तो उसपर जैकेट भी होगी, अगर साड़ी होती है उसपर भी जैकेट या कोट होगा। हालांकि अभी क्लियर नहीं है, लेकिन इसको लेकर मीटिंग में चर्चा की जा चुकी है। रजिस्ट्रार धीरेंद्र वर्मा ने बताया कि फिलहाल भारतीय संस्कृति की झलक इस समारोह में देखने को मिलेगी तय है।

आज जारी होंगे पीएचडी प्रवेश परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड: चौधरी चरण सिंह विवि व उससे संबंधित कॉलेजों में पीएचडी के लिए प्रवेश परीक्षा तीन व चार दिसंबर को आयोजित की जाएगी। जिसको लेकर विवि स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी गई है। परीक्षा आॅनलाइन आयोजित की जाएगी। परीक्षा से संबंधित छात्र-छात्राएं आज से अपने एडमिट कार्ड विवि की वेबसाइट से डाउनलोड कर सकते हैं। बता दें कि छह साल के लंबे इंतजार के बाद अब वो घड़ी आ गई है। जब छात्र-छात्राएं पीएचडी प्रवेश परीक्षा दे सकेंगे। विवि की ओर से पीएचडी प्रवेश परीक्षा का कार्यक्रम जारी कर दिया गया है। पीएचडी प्रवेश परीक्षा से 2016 में प्रवेश हुए थे। जिसके बाद से परीक्षा का आयोजन नहीं किया गया था। अभी तक नेट और जेआरएफ उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को ही केवल पीएचडी में प्रवेश मिल रहा था। मगर विवि कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला ने पोस्ट ग्रेजुएशन में 55 फीसदी अंक वाले छात्र-छात्राओं के लिए सीधे प्रवेश परीक्षा आयोजित करने का फैसला लिया था। परीक्षा के विवि स्तर पर आॅनलाइन फार्म भरवाए गए थे। इस परीक्षा में 35 कोर्स के लिए करीब 46 सौ छात्र-छात्राएं परीक्षा देंगे। परीक्षा के लिए मेरठ और गाजियाबाद में केंद्र बनाए जाएंगे और एक पाली में यह परीक्षा होगी। पीएचडी में प्रवेश परीक्षा कार्यक्रम परस्नातक व नेट स्तर का होगा। विषयवार टेंटिव सीटों की सूची पहले ही जारी कर दी गई है। पीएचडी सीईटी परीक्षा दो घंटे की होगी। जिसमें विषय से संबंधित 100 बहुविकल्पीय प्रश्न होंगे और 50 प्रश्न रिसर्च मेथनोलॉजी से संबंधित होंगे। पीएचडी के लिए 6 हजार से अधिक छात्र-छात्राओं ने आवेदन किए है।

Next Story
© All Rights Reserved @ 2023 Janta Se Rishta