
हैदराबाद: भारत के चुनाव आयोग (ECI) ने मंगलवार को तेलंगाना हाई कोर्ट को बताया कि वह खैराताबाद विधानसभा क्षेत्र में उपचुनाव कराने के लिए तब तक कोई और कदम नहीं उठाएगा, जब तक कि पी. विजया रेड्डी द्वारा दायर चुनाव याचिका का निपटारा नहीं हो जाता। विजया रेड्डी की याचिका पर कोर्ट के निर्देशों के बाद ECI ने इस संबंध में एक हलफनामा दायर किया।
याचिकाकर्ता ने हाई कोर्ट से अनुरोध किया था कि वह ECI को उपचुनाव के लिए नोटिफिकेशन जारी न करने का निर्देश दे, क्योंकि 2023 के विधानसभा चुनावों में दानम नागेंद्र के चुनाव को चुनौती देने वाली उनकी चुनाव याचिका अभी भी लंबित थी। उन्होंने नागेंद्र के चुनाव को इस आधार पर चुनौती दी थी कि उन्होंने अपने रिश्तेदारों की संपत्ति के विवरण का पर्याप्त खुलासा नहीं किया था।
1 अक्टूबर को उस याचिका की सुनवाई के दौरान, हाई कोर्ट की एक डिवीजन बेंच ने ECI के तर्क पर सवाल उठाए थे। ECI का प्रतिनिधित्व कर रहे सीनियर वकील अविनाश देसाई ने मौखिक रूप से कहा था कि चुनाव आयोग चुनाव याचिका का निपटारा होने तक उपचुनाव नहीं कराएगा। सीनियर वकील ने 2010 में 'ECI बनाम TRS' मामले में सुप्रीम कोर्ट के फैसले का भी हवाला दिया था, जिसमें यह फैसला सुनाया गया था कि चुनाव आयोग उन निर्वाचन क्षेत्रों में उपचुनाव नहीं कराएगा जहां पिछले चुनाव की वैधता को चुनाव याचिका के माध्यम से चुनौती दी गई थी।
ECI के बयान पर विचार करते हुए, हाई कोर्ट ने 1 अक्टूबर को अपने वकील को 6 अक्टूबर तक हलफनामे में अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया था।





