
हैदराबाद: राज्य सरकार ने पंजीकरण अधिनियम की धारा 22-ए से उत्पन्न होने वाली समस्याओं के समाधान के लिए एक और कदम में, उन भूमियों को नियमित करने का निर्णय लिया है जिन पर NALA (गैर-कृषि भूमि मूल्यांकन अधिनियम) शुल्क का भुगतान किया गया है।
यह निर्णय उन कृषि भूमियों पर लागू होता है जिन्हें आवासीय भूखंडों में परिवर्तित कर दिया गया है लेकिन जिनके लिए NALA रूपांतरण प्रक्रिया पूरी नहीं हुई है।
राजस्व मंत्री पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी ने कहा कि सरकार धारा 22-ए से संबंधित समस्याओं के समाधान के लिए बदलाव कर रही है, जैसा कि मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने विधानसभा में वादा किया था। सभी जिला कलेक्टरों को एक ज्ञापन, 48062/ULC/A1/2026 जारी किया गया है।
मंत्री ने कहा कि सरकार ने लंबित NALA रूपांतरणों के कारण होने वाली कठिनाइयों को पहचाना और अधिकारियों को लागू NALA शुल्क एकत्र करने के बाद पात्र भूमि को नियमित करने से पहले जमीनी स्तर की स्थिति पर विचार करने का निर्देश दिया।





